Hazaribagh

हजारीबागः 52 कंप्यूटर ऑपरेटर्स का भुगतान बंद करने की तैयारी में 251 पंचायत, पंचायतों के बदले ब्लॉक ऑफिस से करे रहे काम

Hazaribagh: हजारीबाग में कंप्यूटर ऑपरेटरों की कमी है. इसके चलते 251 पंचायतों के सामने लगातार परेशानियां खड़ी हो रही हैं. मुखियाओं ने डीपीएम (जिला कार्यक्रम पदाधिकारी) से अब जवाब मांगना शुरू किया है. यहां तक कि जिले के मुखिया संघ ने कंप्यूटर ऑपरेटरों का पेमेंट रोकने की चेतावनी जारी की है.

उनकी मांग है कि पंचायत भवनों में आकर ऑपरेटर काम करें. इसी आधार पर उनके पेमेंट का पैसा रिलीज किया जायेगा. दरअसल, मनरेगा और 14वीं-15वीं वित्त के लिये नियुक्त किये गये ऑपरेटरों की सेवा पंचायतों को नहीं मिलने से परेशानी बढ़ गयी है. हर छोटे-छोटे काम के पेमेंट और दूसरे कामों के लिये भुगतान में लगातार दिक्कतें आ रही हैं.

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52 ऑपरेटरों के भरोसे 251 पंचायत

जिले में 251 पंचायत हैं,  और 52 कंप्यूटर ऑपरेटर. तकरीबन 5 पंचायतों पर 1 ऑपरेटर. 14वीं और अब 15वीं वित्त के अलावा मनरेगा और दूसरे कामों में भी उनकी सेवा ली जाती है. हर महीने उन्हें 10,000 रुपये का भुगतान पंचायतों के जरिये जारी पैसों से किया जाता है. हर साल उनके मानदेय में 5% की बढ़ोत्तरी भी होती है. फिलहाल उन्हें हर महीने कुल 11,025 दिये जा रहे हैं. पंचायतों का कहना है कंप्यूटर ऑपरेटर ब्लॉक ऑफिस में ही बैठकर सेवा दे रहे हैं. पंचायतों को उनकी सेवा लेने में दिक्कतें आ रही हैं.

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डीडीसी से मांगा गया है जवाब

हजारीबाग मुखिया संघ की अध्यक्ष विनीता देवी ने जिले के सभी मुखिया से ऑपरेटरों को पंचायत भवन में बुलाकर काम कराने को कहा है. मनरेगा के अलावा 14वीं और 15वीं वित्त का हर काम करवाया जाये. अगर ऑपरेटर पंचायत भवन में आकर काम करने से इंकार करते हैं तो पंचायत से मिलने वाले मानदेय को बंद कर दें. अमनारी के मुखिया अनुप कुमार ने डीडीसी और डीपीएम से भी शिकायत की है. जिले की किसी भी पंचायत मे कोई भी कंप्यूटर ऑपरेटर कभी नहीं जाता है. 14वीं, 15वीं वित्त का भुगतान पंचायत से किया जाता है न कि प्रखंड से. ऑपरेटर की सेवा पंचायत में नहीं मिलने से पेमेंट रोक दिया जायेगा.

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