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अधिकतम पांच एकड़ जमीनवाले किसानों को सरकार हर साल देगी पांच हजार रुपये प्रति एकड़

  • वित्तीय वर्ष 2019-20 से मुख्यमंत्री कृषि आशीर्वाद योजना होगी लागू

Ranchi : राज्य सरकार झारखंड के किसानों के लिए मुख्यमंत्री आशीर्वाद योजना शुरू करेगी. इसके लिए वर्ष 2019-2020 के बजट में 2250 करोड़ रुपये का प्रावधान किया जायेगा. इसके तहत एक एकड़ से कम और अधिकतम पांच एकड़ तक जमीनवाले किसानों को सालाना प्रति एकड़ पांच हजार रुपये राज्य सरकार देगी. यह राशि सीधे किसान के खाते में जायेगी. मुख्यमंत्री रघुवर दास ने शुक्रवार को प्रोजेक्ट भवन में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में इसकी घोषणा की. उन्होंने कहा कि इस योजना से 84 फीसदी किसान, यानी 22.76 लाख किसान कवर होंगे. तेलंगाना के बाद यह योजना लागू करनेवाला झारखंड दूसरा राज्य होगा. यह मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ और राजस्थान से कहीं बेहतर योजना है.

15 लाख किसानों के फसल बीमा का प्रीमियम सरकार देगी

मुख्यमंत्री रघुवर दास ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि 14.85 लाख किसानों के फसल बीमा का प्रीमियम भी राज्य सरकार देगी. इसके लिए 66 करोड़ रुपये प्रीमियम के रूप में भुगतान किये जायेंगे. चार साल पहले कृषि विकास दर माइनस 4.5 थी, लेकिन प्रदेश के मेहनतकश किसानों की बदौलत यह बढ़कर 14 फीसदी हो गयी है. उन्होंने कहा कि कृषि में अत्याधुनिक तकनीक का उपयोग अधिक से अधिक हो. कम पानी में अधिक फसल हो, इसके लिए ग्लोबल फूड समिट हुआ. इसमें देश-विदेश के साथ पतंजलि जैसी कंपनियां आयीं. सभी ने जैविक खेती पर फोकस करने पर जोर दिया.

किसानों को नहीं लेना पड़ेगा कर्ज

मुख्यमंत्री ने कहा कि इस योजना के शुरू होने से किसानों को बीज, खाद व अन्य उपकरण के लिए बैंकों पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा. खेती के लिए कर्ज नहीं लेना पड़ेगा. यह पूरी तरह से कृषक कल्याण योजना होगी. कृषि उत्पादकता में वृद्धि होगी. 45 लाख एकड़ में धान की फसल के लिए लाभदायक साबित होगी. किसानों को जीरो फीसदी पर लोन दिया जायेगा. मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का सपना है कि किसानों की आय दोगुनी करनी है. इसी के तहत राज्य सरकार ने यह योजना लागू करने का फैसला किया है. हर हाल में 2022 तक किसानों की आय दोगुनी की जायेगी.

झामुमो पर कसा तंज

मुख्यमंत्री ने झामुमो पर भी तंज कसा. कहा कि निचले स्तर तक बिचौलिया और भ्रष्टाचार को समाप्त किया जायेगा. पहले बीज घोटाले में हेमंत सरकार में कृषि मंत्री रहे नलिन सोरेन को जेल जाना पड़ा. झारखंड से बिचौलिया और भ्रष्टाचार पूरी तरह से समाप्त होगा. किसानों के लिए मार्केट की व्यवस्था की जा रही है. गांव की अर्थव्यवस्था मजबूत होने से देश व राज्य की अर्थव्यवस्था मजबूत होगी.

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