न्यूज़ विंग
कल का इंतज़ार क्यों, आज की खबर अभी पढ़ें

घोषणा कर भूल गयी सरकार – 14 जुलाई : साहब, दो साल बीत गये रांची कब बनेगी वाई-फाई सिटी

न्यूज विंग ने “घोषणा करके भूल गयी सरकार” नाम से एक सीरीज शुरु की है

621

Sweta Kumari

झारखंड में बहुमत की सरकार है. सरकार के मुखिया को इसका गुमान भी है. अक्सर कहते हैं कि हमने हर क्षेत्र में बहुत काम किया. झारखंड में सबका साथ और सबका विकास हो रहा है. इसे परखने के लिए न्यूज विंग ने “घोषणा करके भूल गयी सरकार” नाम से एक सीरीज शुरु की है. आज हम सरकार के तीन सालों के कार्यकाल के बाद 14 जुलाई 2017 को की गयी घोषणाओं और लिये गये फैसलों की बात करेंगे.

इसे भी पढ़ें – जयंत सिन्‍हा के खेद में मॉब लिंचिंग की निंदा नहीं है

hosp1

14 जुलाई 2016 रांची के लिए खास था. खास कर युवाओं और छात्रों के लिए. युवाओं को उम्मीद जगी थी कि जल्द ही रांची शहर वाई-फाई सिटी हो जायेगा. वह कहीं भी कभी भी नेट सर्फिंग कर पायेंगे. दुनिया से जुड़ने में आसानी होगी और दुनिया उनकी मुट्ठी में होगी. सरकार ने 14 जुलाई को इस पर फैसला लिया था. रांची शहर को वाई-फाई सिटी बनाने का. इसके लिये सूचना एवं तकनीकी विभाग की ओर से काम शुरू करने की बात भी कही गयी थी. शहर भर में वाई-फाई हॉट स्पॉट की सुविधा देने के लिये एक्सप्रेशन ऑफ इंटरेस्ट की निविदा भी मांगी गयी थी. 15 जुलाई 2016 को अधिकांश अखबारों में यह खबर प्रमुखता से छपी थी. कहा तो गया था कि योजना को एक साल में पूरा कर लिया जायेगा. लेकिन आज तीन साल पूरे हो गये इस घोषणा के. लेकिन रांची शहर वाई-फाई सिटी नहीं बन पाया. इस पर कोई काम भी शुरु हुआ है, यह सूचना नहीं है.

इसे भी पढ़ें – घोषणा कर भूल गयी सरकारः 12 जुलाई 2016 : वादा किया था हाई स्कूल में 18584 और कस्तूरबा स्कूल के 2233…

योजना के तहत उस दौरान के आईटी सचिव सुनील बर्णवाल ने कहा था कि डिजिटल इंडिया कार्यक्रम  के तहत रांची में जगह-जगह वाई-फाई हॉट स्पॉट की सुविधा मिलेगी. लोग आसानी से इंटरनेट का इस्तेमाल कर सकेंगे. पहले आधे घंटे तक मुफ्त इंटरनेट की सुविधा दी जायेगी और उसके बाद से शुरू होने वाले समय में इस्तेमाल किये जाने वाले इंटरनेट की सुविधा के लिये बेहद मामूली शुल्क लिय़ा जायेगा. श्री बर्णवाल ने यह भी कहा था कि लोगों को हाई स्पीड इंटरनेट सुविधा से जोड़ने के लिये ही ये सेवा शुरू की गयी है. उन्होंने कहा था कि इस काम को पूरा होने में एक साल का वक्त लगेगा और सबसे पहले पार्क व चौक-चौराहों पर इसकी सुविधा शुरू की जायेगी. लेकिन साहब , अब तो दो साल का वक्त बीत गया और रांची वाई-फाई सिटी नहीं बन पायी. घोषणा के तीन साल बाद अब तक कहीं भी इससे संबंधित कोई कार्य होता नहीं दिखा.

इसे भी पढ़ें – घोषणा कर भूल गयी सरकारः 13 जुलाई – सर, यह अंब्रेला स्कीम क्या होती है, जो अब तक लागू ही नहीं हुई

अब हम बात करते हैं सरकार के दूसरे आदेश की. 15 जुलाई 2017 को मुख्यमंत्री रघुवर दास ने प्रोजेक्ट बिल्डिंग में अधिकारियों के साथ बैठक की थी. उन्होंने विकास कार्यों की समीक्षा की थी. उन्होंने सभी प्रमंडलीय आयुक्तों से कहा था कि वह हर सप्ताह एक जिला व प्रखंड का निरीक्षण करें. सभी उपायुक्त प्रत्येक सप्ताह एक प्रखंड का निरीक्षण करें. पक्की सूचना है किसी भी आयुक्त और उपायुक्त ने आपके इस आदेश का पालन नहीं किया है. मुख्यमंत्री जी, आप भी रिपोर्ट मंगा लीजिये. पता चल जायेगा. हां, दूसरे दिन अखबारों में छपी खबर में आपके हवाले से एक और बात छपी थी. वह यह कि लापरवाह, अकर्मण्य व अनुपस्थित रहनेवाले अधिकारियों की यहां कोई जगह नहीं है.

न्यूज विंग एंड्रॉएड ऐप डाउनलोड करने के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पेज लाइक कर फॉलो भी कर सकते हैं.

हमें सपोर्ट करें, ताकि हम करते रहें स्वतंत्र और जनपक्षधर पत्रकारिता...

You might also like
%d bloggers like this: