Main SliderRanchi

#HoneyTrap: वीडियो क्लिप बनाने के लिए लिपस्टिक व चश्मे में छिपे कैमरे का इस्तेमाल करती थीं लड़कियां

Ranchi: मध्यप्रदेश के चर्चित हनी ट्रैप कांड में फिर से नया खुलासा सामने आया है. सूत्रों से मिली खबरों में बताया गया है कि हनी ट्रैप कांड में शामिल लड़कियां लोगों को फंसाने के लिए लिपिस्टक और चश्मे में छिपे  कैमरे का इस्तेमाल करती थीं.

हनी ट्रैप से जुड़े इस मामले का पता तब चला जब  इंदौर नगर निगम के एक इंजीनियर को रैकेट की एक लड़की ने ब्लैक मेल करना शुरू किया. इंजीनियर ने पुलिस को बताया कि एक आपत्तिजनक वीडियो दिखाकर उससे तीन करोड़ रुपये जबरन मांग जा रहे हैं.

इसे भी पढ़ेंः #KoregaonBhimaViolenceCase : गौतम नवलखा की याचिका पर #CJI ने सुनवाई से खुद को अलग किया

गौरतलब है कि मध्य प्रदेश में हनी ट्रैप सेक्स रैकेट को लेकर पिछले एक पखवाड़े से सियासी और प्रशासनिक पारा चढ़ा हुआ है. इस ट्रैप में कई मत्रियों, आइएएस अफसरों, एनजीओ और कई अन्य लोगों के नाम सामने आने की सूचना है.

जिसे उजागर नहीं किया गया है. मामले की जांच एसआइटी को सौंपी गयी है. बहरहाल मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल और इंदौर से जुड़े इस सनसनीखेज मामले में अब  नयी जानकारी मिली है.

जांच टीम ने बताया है कि लड़कियां लोगों को अपनी गिरफ्त में लेने के लिए लिपस्टिक और चश्मों में खुफिया कैमरे लगाकर ले जाती थीं. जिसका पता चलना मुश्किल होता था. जांच टीम ने ये अहम खुलासा रविवार को किया है.

इसे भी पढ़ेंः पटना में जल प्रलय पर SC के पूर्व जस्टिस का सीएम नीतीश पर निशाना, कहा- ‘बिहार चमकत बा’

निगम के कर्मचारी की शिकायत पर हुई कार्रवाई

हनी ट्रैप के तार 18-19 सितंब को छह लोगों की गिरफ्तारी से जुड़े हुए हैं. जिनमें पांच महिलाएं और एक पुरुष है. इसकी शिकायत नगर निगम के एक निचले स्तर के कर्मचारी ने की थी. जिसे कुछ जानकारी थी. इसे आधार बनाते हुए ये गिरफ्तारियां की गयी थीं.

माना जा रहा है कि 18-19 सितंबर को इंदौर-भोपाल में हनी-ट्रैप रैकेट चलाने वाले एक शख्स और पांच महिलाओं को पुलिस ने गिरफ्तार किया था. इस पूरे मामले के बारे में तब पता चला जब इंदौर नगर निगम के एक इंजीनियर ने पुलिस को बताया कि उसे ब्लैकमेल किया जा रहा है.

वीडियो के सहारे उस पर दबाव बना कर तीन  करोड़ रुपये देने के लिए कहा जा रहा है.

ये लड़कियां हैं हनी ट्रैप की मुख्य आरोपी

एसआइटी की जांच टीम ने मामले में अब तक जिन लोगों को मुख्य आरोपी बनाया है, उनमें, आरती दयाल (29), मोनिका यादव (18), श्वेता विजय जैन (39), श्वेता स्वपनिल जैन (48), बरखा सोनी (34) और ओमप्रकाश कोरी (45) के नाम सामने आ रहे हैं.

प्रेस को संबोधित करते हुए इंदौर एसएसपी रूचि वर्धन मिश्रा ने बताया है कि आरोपियों के पास से कुछ खुफिया कैमरे मिले हैं. जिनका इस्तेमाल रैकेट की लड़कियां करती थीं. एक अन्य सूत्र से मिली जानकारी के अनुसार रैकेट के पास से जब्त वीडियो क्लिप में राज्य की कई दिग्गज शख्सियतों के चेहरे कैद हैं.

वहीं ट्रैप में फंसे कई लोगों ने दावा किया है कि वीडियो को एडिट (मॉर्फिंग) कर उन्हें फंसाया जा रहा है. बहरहाल, जांच में लगे अधिकारी इस मामले में कुछ बोलने से कतरा रहे हैं.

इसे भी पढ़ेंः झारखंड में बेरोकटोक चल रहा हवाला कारोबारः नेता,अपराधी,बड़े व्यापारी, ठेकेदार ठिकाने लगा रहे ब्लैक मनी

Related Articles

Back to top button
%d bloggers like this: