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#Giridih: टफकॉन छड़ कंपनी लंगटा बाबा स्टील में कामगार की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत

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  • परिजनों को फैक्ट्री प्रबंधन के बजाय साथी कामगारों से मिली घटना की जानकारी
  • पुलिस शव को लेकर पहुंची सदर अस्पताल, पर थाना प्रभारी ने कहा- सूचना मिली है, कंन्फर्म नहीं
  • परिजनों का सवाल- जब मौत फैक्ट्री के भीतर हुई, तो दूसरों से क्यों करायी गयी खबर
  • प्रबंधन ने परिजनों को बुलाया फैक्ट्री पर, लेकिन नहीं दिया गया अंदर घुसने

Giridih: गिरिडीह के औद्योगिक क्षेत्र अजीडीह स्थित टफकॉन छड़ फैक्ट्री लंगटा बाबा स्टील में 42 वर्षीय कामगार रामस्वरुप राय की मौत हो गयी. मृतक पीरटांड थाना के दर्दमारा गांव का रहने वाला था.

जानकारी के अनुसार मृतक रामस्वरुप राय करीब 14 सालों से लंगटा बाबा स्टील फैक्ट्री में लोडिंग-अनलोडिंग कामगार के रूप में कार्यरत था.

लॉकडाउन के बाद लंगटा बाबा स्टील फैक्ट्री दुबारा एक माह पहले ही चालू की गयी थी. इधर मौत की वजह फैक्ट्री प्रबंधन नहीं बता पा रहा.

रामस्वरूप की मौत की जानकारी परिजनों को लंगटा बाबा स्टील प्रबंधन के बजाय प्रबंधन के इशारे पर उसके साथी कामगारों द्वारा रविवार की सुबह आठ बजे दी गयी.

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परिजनों का सवाल- कहां सोया था प्रबंधन

यही नहीं, प्रबंधन के इशारों पर कॉल करने वाले साथी कामगार ने परिजनों को यह भी बताया कि रात को आठ बजे खाना खाने के बाद वह सोने के लिए चला गया.

दूसरे दिन सुबह देर तक जब रामस्वरूप नहीं उठा तो तब फैक्ट्री के दूसरे कर्मियों को जानकारी दी गयी कि रामस्वरूप की मौत हो चुकी है.

इसके बाद मृतक के परिजनों को साथी कामगारों ने कॉल कर पूरी घटना की जानकारी दी. लिहाजा, परिजन अब सवाल उठा रहे हैं कि जब रामस्वरूप की मौत फैक्ट्री के भीतर हुई तब प्रबंधन कहां सोया हुआ था.

मृतक के भाई सुरेन्द्र राय को सुबह आठ बजे सूचना दी गयी कि वे लोग जल्दी फैक्ट्री पहुंचें. रामस्वरूप की हालत गंभीर है. कुछ देर बाद सुरेन्द्र राय को दुबारा कॉल आया कि वह सीधा अस्पताल पहुंचे.

लेकिन सुरेन्द्र राय अपनी भाभी और चार वर्षीय भतीजी को लेकर पहले फैक्ट्री ही चला गया. परिजनों का आरोप है कि लंगटा बाबा स्टील फैक्ट्री के भीतर परिजनों को घुसने नहीं दिया गया.

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परिजन पहुंचे फैक्ट्री, पर शव पहुंच चुका था अस्पताल

इस बीच घटना के दौरान यह भी बात सामने आयी कि जिस वक्त सुरेन्द्र राय अपनी भाभी को लेकर फैक्ट्री पहुंचा था उस वक्त मृतक का शव सदर अस्पताल पहुंचाया जा चुका था.

इधर रामस्वरूप की मौत की जानकारी मुफ्फसिल थाना प्रभारी रत्नमोहन ठाकुर से पूछने पर थाना प्रभारी का कहना था कि उन्हें भी किसी फैक्ट्री में कामगार के मौत की सूचना मिली है. फिलहाल वह कंन्फर्म नहीं है. थाना पहुंच कर ही पूरा स्पष्ट बता पायेंगे.

सवालों के घेरे में पुलिस

वहीं हैरान करने वाली बात यह है कि फैक्ट्री के भीतर कामगार रामस्वरूप की मौत के बाद उसके शव को पुलिस ही पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल लेकर आयी. लिहाजा, मुफ्फसिल थाना पुलिस भी सवालों के घेरे में आ रही है.

इधर लंगटा बाबा स्टील फैक्ट्री में हुई घटना की जानकारी मिलने के बाद झामुमो नेता संजय सिंह, अजीत कुमार पप्पू और भाकपा माले नेता राजेश यादव भी सदर अस्पताल पहुंचे.

यहां इन दलों के नेताओं व फैक्ट्री कर्मियों के बीच वार्ता के बाद फिलहाल मृतक के दाह-संस्कार के लिए परिजनों को 70 हजार देने पर सहमति बनी.

समाचार लिखे जाने तक अस्पताल में शव के पोस्टमार्टम की प्रकिया चल रही थी.

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