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पूर्व केन्द्रीय मंत्री अरुण जेटली का निधन, शोक की लहर

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New Delhi : पूर्व केन्द्रीय मंत्री एवं भाजपा के वरिष्ठ नेता अरुण जेटली का निधन हो गया. दिल्ली के अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) में अरुण जेटली का शनिवार को निधन हो गया.

अरुण जेटली लंबे समय से बीमार चल रहे थे. और वह 9 अगस्त से इलाज के लिये एम्स में भर्ती थे. एम्स के वरिष्ठ डॉक्टर उनका इलाज कर रहे थे. शनिवार को एम्स ने एक बयान जारी कर कहा है कि वे बेहद दुख के साथ सूचित कर रहे हैं कि 24 अगस्त को 12 बजकर 7 मिनट पर माननीय सांसद अरुण जेटली अब हमारे बीच में नहीं रहे.


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एम्स में भर्ती जेटली को सॉफ्ट टिशू सरकोमा था, जो एक प्रकार का कैंसर होता है. जेटली पहले से डायबिटीज के मरीज थे. उनका किडनी ट्रांसप्लांट हो चुका था.

सॉफ्ट टिशू कैंसर की बीमारी का पता चलने के बाद वह इलाज के लिए अमेरिका भी गये थे. खबरों के अनुसार उन्होंने मोटापे से छुटकारा पाने के लिए बैरिएट्रिक सर्जरी भी करा रखी थी.

हाल-चाल लेने पहुंचे थे कई नेता

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शनिवार को स्वास्थ्य मंत्री डॉ हर्षवर्धन जेटली का हाल-चाल लेने एम्स पहुंचे थे. गौरतलब है कि शुक्रवार रात को जेटली की हालत बिगड़ गयी थी. जिसकी जानकारी एम्स की ओर से दी गयी थी. रिपोर्ट के मुताबिक गुरुवार को जेटली का डायलिसिस किया गया था.

जिसके बाद शुक्रवार को उनके स्वास्थ्य की जानकारी लेने बीजेपी की राष्ट्रीय उपाध्यक्ष उमा भारती एम्स पहुंची थीं. इससे पहले पीएम नरेंद्र मोदी, राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद सहित कई वरिष्ठ नेता जेटली को देखने एम्स जा चुके हैं.

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पिछले कुछ महीनों में वित्त मंत्री अरुण जेटली की सेहत लगातार बिगड़ रही थी. इसी वजह से उन्होंने 2019 का लोकसभा चुनाव भी नहीं लड़ा था.

अरुण जेटली बीजेपी सरकार के पहले कार्यकाल में पीएम मोदी के मंत्रिमंडल का अहम चेहरा थे. इस दौरान अरुण जेटली ने वित्त और रक्षा दोनों मंत्रालयों का कार्यभार संभाला था.

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