BokaroJharkhand

रात के अंधेरे में पौंड से निकले गंदे पानी के जलजले ने मचायी तबाही, कई घरों में खाने को दाने तक नहीं

Sanjay

Bermo: बेरमो के बोकारो थर्मल में बुधवार की रात में डीवीसी के ऐश पौंड से निकलने वाले छाई युक्त पानी के जलजले ने कारो स्पेशल फेज दो सहित निशन हाट झोपड़ पट्टी कॅालोनी, डीवीसी की आवासीय एचएमटी कॉलोनी के 50 से भी ज्यादा घरों में भारी तबाही मचायी. पौंड से निकलने वाले स्लरी ने सीसीएल के कारो स्पेशल फेज दो स्थित राज्य सरकार के अस्तपाल की चहारदीवारी तोड़कर रख दी. वहीं अस्पताल के सभी कमरों में तीन से चार फीट तक पानी भर गया था.

इसे भी पढ़ेंः अखबारों की सुर्खियां बटोरने की राजनीति से बाहर निकले, #Economy सुधारने  पर ध्यान दे मोदी सरकार  :  मनमोहन सिंह

advt

पंप हाऊस क्षतिग्रस्त होने से पानी की सप्लाई ठप

फेज दो स्थित अस्पताल के पीछे सीसीएल की आवासीय कॉलोनी में पेयजलापूर्ति को लगाया गया पंप हाउस छाई से भर जाने के कारण क्षतिग्रस्त हो गया. पंप हाउस के क्षतिग्रस्त हो जाने से कॉलोनी में पानी की सप्लाई पूरी तरह से ठप हो गयी. सूचना पाकर पीओ संजीव कुमार और सर्वेयर आशीष कुमार ने स्थिति का जायजा लिया. पीओ ने कहा कि क्षति का आकलन करने के बाद ही कुछ बताया जा सकता है. पानी की सप्लाई बहाल होने के संबंध में कहा कि वैकल्पिक उपाय किये जायेंगे.

50 से भी ज्यादा घरों में लाखों की क्षति

बोकारो थर्मल के मिशन हाट झोपड़पट्टी कॅालोनी सहित डीवीसी की आवासीय एचएमटी कॉलोनी के 50 से भी ज्यादा घरों में पौंड के पानी ने भारी तबाही मचायी. रात्रि में पौंड से आये पानी को देखते हुए नंदिनी देवी ने अपने छोटे बच्चों को घर से निकालकर एसबेस्टस की छत पर ही रात बितायी. एचएमटी कॉलोनी के समीप मकान बनाकर रहनेवाली विधवा लक्ष्मी देवी का आधा घर टूटकर तेज पानी के बहाव में बह गया. साथ ही पानी की तेज धारा में उसके घर का सारा सामान, बिस्तर, बर्तन एवं बक्सा आदि भी बह गये.

उसके घर में पानी पीने को ग्लास तक नहीं बचा. निशन हाट झोपड़ पट्टी कॅालोनी की रहने वाली रमा देवी की दो माह की पोती पानी की तेज धार में घर से बह निकली तो उसने किसी तरह उसे बचाया. कॉलोनी के 30 से ज्यादा घरों में रहने वालों में से कैलाश तुरी, लाल बाबू तुरी, दुर्गा तुरी, विकास, सुनील सिंह, रामचंद्र मुंडा, रमा देवी, संजय प्रसाद साव के घरों में घुसे पानी ने सारा सामान बरबाद कर दिया. यहां तक कि खाने को घरों में एक दाना भी नहीं बचा.

डीवीसी आवासीय कॉलोनी में रहने वाले कामगारों में से सोमेन बनर्जी, ललन राम, राजेश राम, कुलेश्वर महतो, बिजय कुमार राम, तिलेश्वर राम, नंदलाल गुप्ता, अभय दूबे, इंद्रजीत सिंह, अजय कुमार दास, मदन सिंह,प्रमोद सिंह, जलालुद्दीन, रामदुलार यादव, अमरजीत सिंह, नरेश महतो, महेश प्रसाद, राधिका देवी, महावीर ठाकुर, संजीव राय उर्फ मानू, सपन कुसारी, प्रतिमा चक्रवर्ती, मुकेश राम आदि के घरों में पांच फीट तक पानी भर जाने से लाखों की संपत्ति बरबाद हो गयी.

adv

इसे भी पढ़ेंः आर्थिक-सामाजिक संकट हैं भी तो क्या हुआ… गाय, पाकिस्तान और राम मंदिर है न!

धान के खेत बन गये मैदान

ऐश पौंड के नीचले हिस्से में गोविंदपुर बस्ती के किसानों के धान के खेत पौंड टूटने के बाद उससे निकलने वाले छाई एवं स्लरी से मैदान बन गये. किसानों में से हुलास महतो, सूकर महतो, बासुदेव महतो, संतोष महतो, जयलाल महतो, परमेश्वर महतो आदि का कहना था कि उनके खेतों में लगे धान बरबाद हो गये. जिससे उन्हें काफी नुकसान हुआ है और डीवीसी को इसकी भरपायी करनी होगी. वर्ना पौंड का काम करने नहीं दिया जाएगा.

मैकनेली भारत को 4 करोड़ का नुकसान

पौंछ के नीचले हिस्से में पंप हाउस एवं पैनल रूम का काम करने वाली कंपनी मैकनेली भारत को पौंड के टूटने से लगभग 4 करोड़ रुपये की नुकसान उठाना पड़ा है. कंपनी के स्थानीय इंचार्ज क्रांति का कहना था कि मलबे में 200 टन स्टील, पंप हाउस का मोटर, पैनल आदि दबकर खराब हो गये हैं. जिसकी कीमत लगभग 4 करोड़ रुपये होगी. इसी प्रकार केबी इंजीनियरिंग एवं जेजी इंजीनियरिंग को भी काफी क्षति उठानी पड़ी है.

डीवीसी को भी उठाना पड़ेगा नुकसान

पौंड टूटने के बाद बिजली उत्पादन ठप होने से डीवीसी को भी करोड़ों रुपये का नुकसान उठाना पड़ेगा. पौंड टूटने के साथ ही स्थानीय 500 मेगावाट के ए पावर प्लांट तथा बी पावर प्लांट की तीन नंबर यूनिट को बंद कर देना पड़ा. 500 मेगावाट के पावर प्लांट से बुधवार की रात्रि 400 मेगावाट तथा बी पावर प्लांट की तीन नंबर यूनिट से 130 मेगावाट बिजली का उत्पादन हो रहा था. पौंड के मरम्मत होने तक डीवीसी प्रबंधन को पावर प्लाटों को बंद कर रखना पड़ेगा.

जन प्रतिनिधियों ने मुआवजा देने की मांग की

पौंड टूटने तथा उससे आम जनों को हुई क्षति की भरपायी को लेकर स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने डीवीसी प्रबंधन से पीड़ित परिवारों को मुआवजा देने की मांग की है.

प्रतिनिधियों में जिला पार्षद भरत यादव, दामोदर बचाओ आंदोलन के बोकारो जिला सह संयोजक श्रवण सिंह, राजद के अनवर आलम, आजसू के संतोष महतो, मंजूर आलम, महबूब आलम, पंसस नागेश्वर महतो आदि ने स्थानीय थाना में बेरमो सीओ मनोज कुमार एवं स्थानीय थाना के इंस्पेक्टर उमेश कुमार ठाकुर की मौजूदगी में डीवीसी के अपर निदेशक नीरज सिन्हा तथा संयुक्त निदेशक दिलीप कुमार से मांग की है.

कहा है कि पीड़ित परिवारों को 10 हजार रुपये की आर्थिक मदद डीवीसी के द्वारा दिया जाय. इसके अलावा प्रभावित एरिया की साफ सफाई हो. और टैंकरों से पीने का पानी सप्लाई करवाया जाये. डीवीसी के अधिकारियों ने तत्काल टैंकरों से पानी की सप्लाई बहाल करवायी और यथासंभव मदद का भी आश्वासन दिया है.

इसे भी पढ़ेंः #PrimeMinisterModi ने किया योजनाओं का शुभारंभ, कहा, 100 दिनों में ट्रेलर दिखाया है, पूरी फिल्म अभी बाकी है

advt
Advertisement

Related Articles

Back to top button