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वर्तमान मुख्य सचिव सुधीर त्रिपाठी को दिसंबर तक का एक्सटेंशन, किनारे कर दिये गये डीके तिवारी 

सुधीर त्रिपाठी का कार्यकाल 30 सितंबर को समाप्त हो रहा था. इसके साथ तमाम कयास और अटकलों को विराम लग गया.

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Ranchi :  वर्तमान मुख्य सचिव सुधीर त्रिपाठी को दिसंबर तक का एक्सटेंशन मिल गया है.  यह प्रदेश में दूसरी बार हुआ है, जब किसी सीएस को एक्सटेंशन मिला है. इससे पहले पूर्व मुख्य सचिव एसके चौधरी को तीन महीने का एक्सटेंशन मिला था. कार्मिक ने अपराह्न तीन बजे इसका आदेश जारी कर दिया. सुधीर त्रिपाठी का कार्यकाल 30 सितंबर को समाप्त हो रहा था. इसके साथ तमाम कयास और अटकलों को विराम लग गया. सीएमओ ने सीएस के लिये पीएमओ को दो विकल्प सुझाये थे. इसमें पहला विकल्प वर्तमान सीएस सुधीर त्रिपाठी का एक्सटेंशन और दूसरा विकल्प डीके तिवारी को लॉन्ग टर्म के लिये सीएस बनाने का था. लेकिन पीएमओ ने वर्तमान सीएस सुधीर त्रिपाठी के नाम पर मुहर लगाई.

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ब्यूरोक्रेसी में फेरबदल की संभावना

ब्यूरोक्रेसी में फेरबदल की भी संभावना जताई जा रही है. प्रधान सचिव रैंक के दो अफसरों के केंद्रीय प्रतिनियुक्ति में जाने के कारण प्रधान सचिव रैंक के दो पद खाली हो जायेंगे. इन पदों पर सचिव रैंक के अफसरों को प्रोन्नति दी जानी है. इस दौड़ में अजय कुमार सिंह, सत्येंद्र सिंह, डॉ नितिन मदन कुलकर्णी, केके सोन और पूजा सिंघल शामिल हैं.

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एक सीएस रैंक के अफसर के कारण फंसा था पेंच

एक सीएस रैंक के अफसर के कारण दिल्ली का मंतव्य जरूरी हो गया था. इस कारण राज्य सरकार ने दो अफसरों का नाम दिल्ली भेजा था. हालांकि डीके तिवारी दौड़ में सबसे आगे थे. लेकिन एक सीएस रैंक की पहुंच और पैरवी के कारण सुधीर त्रिपाठी को एक्सटेंशन देकर विवाद खत्म किया गया. फिर दिसंबर तक नये सीएस की तलाश होगी.

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अमित खरे को भी मिला था दिलासा

पूर्व विकास आयुक्त अमित खरे को भी सीएस बनाने का सरकार ने पूरा भरोसा दिया था. लेकिन ऐन मौके पर सुधीर त्रिपाठी को सीएस बनाया गया. इसके बाद अमित खरे केंद्रीय प्रतिनियुक्ति में चले गये. सत्ता के गलियारों में इसकी खूब चर्चा भी रही. खरे वर्तमान में केंद्रीय सूचना प्रसारण मंत्रालय में सचिव भी हैं. वहीं 30 सिंतबर को सीएस रैंक के अफसर उदय प्रताप सिंह भी रिटायर हो जायेंगे.

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