ChaibasaJamshedpurJharkhand

Jamshedpur: डोबो में हो रहे अंधांधुंध निर्माण कार्य की वजह से प्रवासी पक्षी नहीं आ रहे, जमशेदपुर बर्डिंग ग्रुप ने जताई चिंता

Jamshedpur: जमशेदपुर बर्डिंग ग्रुप के सदस्यों ने बुलेवर्ड होटल में एक बैठक की. उन्होंने जमशेदपुर और आसपास पाये जाने वाले 200 पक्षी की प्रजातियों के बारे में चर्चा की. डॉ.विजया भरत ने बताया कि लॉकडाउन के दौरान कई विदेशी पक्षियों को यहां पर देखा गया. उन्होंने बताया कि जमशेदपुर में प्रवासी पक्षी मंगोलिया और साइबेरिया जैसे देशों से आते हैं. पक्षी प्रेमियों ने कहा कि यूरोप और अफ्रीका से भी जमशेदपुर के आसपास की नदियों, झीलों और तालाबों में पक्षी आते हैं. लेकिन इनके शिकार होने और जलाशयों में कूड़े-कर्कट होने से इन पर खराब असर हो रहा है. हमारी संस्कृति अतिथि देवो भव की रही है. ऐसे में हमें जलाशयों को गंदे करने और पिकनिक के नाम पर तेज संगीत बजाने से बचना होगा.

बर्डिंग समूह ने लोगों को पक्षियों के प्रति संवेदनशील बनाने का फैसला लिया. उन्होंने कहा कि हमें स्वयं का आनंद लेते हुए भी अन्य जीवित प्राणियों की उपस्थिति का सम्मान करना होगा. इन्होंने जमशेदपुर से सटे डोबो की जैव विविधता के नष्ट होने और अंधाधुंध हो रहे निर्माण कार्य को लेकर चिंता व्यक्त की और कहा कि इससे पक्षियों के जीवन का खतरा बढ़ता जा रहा है. उन्होंने बताया कि दलमा हिल्स पक्षियों के लिए भी एक आकर्षण का केंद्र है. इंडियन ग्रे हॉर्नबिल, क्रेस्टेड सर्पेंट ईगल के साथ ही एशियाई पैराडाइज फ्लाईकैचर के लिए यह एक सुरक्षित स्थान है. छोटे पक्षी गर्मियों के दौरान दक्षिण भारत से पलायन करके आते हैं. ऐसे में उनके आवास को संरक्षित किया जाना चाहिए. पारिस्थितिक पर्यटन को प्रोत्साहित कर इनका संरक्षण किया जा सकता है. बैठक में मिथिलेश द्विवेदी, सुब्रत बसाक, बिस्मॉय राजन पति, कार्तिक वीएस, अभिनव बर्मन, सम्यक मिश्रा, अर्शियान खान, डॉ शम्स खान, डोलन भट्टाचार्य, डॉ आर भरत और डॉ विजया भारत मौजूद थे.

ये भी पढ़ें- Postal Employess Strike: डाककर्मियों की हड़ताल 10 अगस्‍त को, समर्थन करेगा सीटू

Sanjeevani

Related Articles

Back to top button