DhanbadJharkhand

धनबाद में नहीं दिख रहा जल संरक्षण अभियान का असर, भेलाटांड़ में प्रतिदिन बह रहा है हजारों लीटर पानी

Anil pandey

Dhanbad : गर्मी के दिनों में धनबाद में लोग एक-एक बूंद पानी के लिए तरसते रहते हैं. पानी की बर्बादी रोकने के लिए प्रशासन की ओर से जल संरक्षण अभियान भी चलाया जा रहा है. इसके बावजूद भेलाटांड़ में पीएचडी विभाग के वाटर प्लांट से हजारों लीटर पानी बहकर बर्बाद हो रहा है.

advt

इसके बावजूद पानी की इस बर्बादी को रोकने के लिए विभाग की ओर से कोई कदम नहीं उठाये जा रहे हैं. सबसे बड़ी बात यह है कि पानी की यह बर्बादी इधर कुछ दिनों से नहीं हो रही है. बल्कि पानी की यह बर्बादी वर्ष 2006 से हो रही है.

बताया जा रहा है कि फीडर बेड में लिकेज होने के कारण प्रतिदिन हजारों लीटर पानी बह जा रहा है.

adv

स्थानीय लोगों ने कहा- लापरवाह है पीएचडी विभाग

जल संरक्षण विभाग का साइनबोर्ड.

इस बर्बाद हो रहे जल के संचय के लिए कोई सरकारी अधिकारी का ध्यान इस ओर नहीं है. बर्बाद हो रहे हजारों लीटर पानी को लेकर स्थानीय लोग सीधे सरकारी अधिकारी को दोषी मानते हैं.

स्थानीय लोगों का कहना है कि जल संरक्षण के लिए केंद्र की मोदी सरकार जल है तो कल है के नारे बुलंद कर रही है लेकिन धनबाद के पीएचडी विभाग को इन नारों से भी जैसे कोई मतलब नहीं रह गया है.

स्थानीय परवीन झा का कहना है कि आये दिन पानी की समस्या को लेकर लोग सड़कों पर उतरकर आंदोलन करते हैं लेकिन यहां हजारों लीटर पानी यूं ही बहा दिया जाता है. यह सरासर विभाग की लापरवाही है.

कार्यपालक अभियंता ने कहा- आगे बढ़ायी गयी है फाइल

इस बेकार बह रहे पानी को लेकर जब हमने पीएचडी के अधिकारी कार्यपालक अभियंता एच मिश्रा से जानकारी मांगी तो उन्होंने बताया कि एक छोटे से फीडर बेड की मरम्मत नहीं होने के कारण पानी का बहाव हो रहा है.

इससे संबंधित फाइल को नगर विभाग के पास भेजा गया है. बिल पास होते ही इसे ठीक कर लिया जायेगा.

Related Articles

Back to top button
%d bloggers like this: