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धनबादः PMCH में 56 में से मात्र 18 दवाएं उपलब्ध, कैसे होगा इलाज ?

आखिर कहां खर्च हो रहे करोड़ों रुपये ?

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Dhanbad: धनबाद का पीएमसीएच एकबार फिर अपनी कुव्यवस्ता को लेकर सुर्खियों में है. पीएमसीएच में दवाएं नहीं हैं. ऐसे में मरीज इलाज के बाद दवाई ले लिए भटकते नज़र आते हैं. कोयलांचल और आसपास के जिलों से रोजाना हजारों की संख्या में मरीज इलाज कराने पहुंचते हैं. लेकिन डॉ. को दिखाने के बाद मरीजों की समस्या खत्म नहीं होती. इन्हें जो दवाईयां लिखी जाती हैं, वो दवा वितरण केंद्र में मौजूद नहीं होती.

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बढ़ी मरीजों की परेशानी

इलाज करा रहे मरीजों का कहना है कि जहां हम गरीब इलाज और दवा के लिए दूर-दराज के इलाके से आते है. ताकि हमें मुफ्त इलाज के साथ-साथ दवाएं भी फ्री में मिल सके. लेकिन यहां पहुंचने के बाद हमें निराशा ही हाथ लगती है. गरीब मरीजों का कहना है कि अस्पताल में जहां इलाज भगवान भरोसे किसी तरह होता है, वही अब दवा के लिए हमें पैसे लगाने होते हैं. जो हमारे पास नहीं है. इस स्थिति में गरीब किसी से उधार लेकर दवा खरीदने को मजबूर है.

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पीएमसीएच कोयलांचल और संथाल परगना का सबसे बड़ा सरकारी अस्पताल होने के साथ-साथ मेडिकल कॉलेज भी है. अत्याधुनिक मशीनों और सुविधाओं से लैस है . हर साल करोड़ो रूपये सरकार यहां खर्च करती है, ताकि मरीजों को इलाज में कोई असुविधा ना हो. लेकिन यहां जिस तरह से मरीजों को दवाइयों के लिए परेशानी का सामना करना पड़ता है, उसे जाहिर है कि पीएमसीएच मरीजों के दर्द को कम करने के बजाए बढ़ाने में लगा हुआ है.

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56 में से मात्र 18 दवाएं ही उपलब्ध

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राज्य सरकार के आदेश अनुसार, 56 दवाओं को अस्पतालों में रखने का आदेश है. जिसमें लगभग सारी जरूरी दवाईयां शामिल है. लेकिन पीएमसीएच में महज 18 प्रकार की दवाएं ही उपलब्ध है. ऐसे में मरीजों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ता है. और बाकी की दवाइयां गरीब जनता को मेडिकल शॉप से लेनी पड़ती है.

अधीक्षक ने स्वीकारा दवाओं की है कमी

पूरे मामले पर जब अस्पताल के अधीक्षक डॉक्टर तुनुल हेम्ब्रम से बात की गई तो उन्होंने भी स्वीकार किया कि अस्पताल में दवाओं का अभाव है. लेकिन कहा कि जल्द ही परिस्थितियों में सुधार देखने को मिलेगा. अस्पताल प्रबंधन ने 6 करोड़ की दवाओं की खरीदारी के लिए टेंडर निकाला है. लेकिन अब देखने वाली बात यह होगी कि क्या सच में इस परेशानी से मरीजों को छुटकारा मिलेगा.

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क्या कहते है फार्मासिस्ट

दवाई की इस घोर किल्लत की बात जब न्यूज विंग ने अस्पताल के फार्मिसिस्ट से की तो उन्होंने बस इतना ही कहा कि, जो दवाएं उपलब्ध है हम उसी का वितरण कर रहे है. बाकी की अन्य दवाईयां जो हमारे दवा केंद्र में नहीं है, उसकी जानकारी हम ने प्रबंधन को दे रखी है.

राज्य सरकार के स्वास्थ्य सुविधाओं को लेकर किये गये बड़े-बड़े दावे धनबाद के पीएमसीएच में फेल होते दिखते हैं. एक ओर जहां सरकार हर तरह की स्वास्थ्य सुविधा मुहैया कराने की बात करती है. वहीं दूसरी ओर पीएमसीएच में मरीज दवा के अभाव में दम तोड़ने को विवश दिख रहे हैं.

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