JharkhandLead NewsRanchi

DGP बोले- प्रवासी मजदूरों को नक्सली थमाना चाहते थे बंदूक, पर रहे नाकाम

  • प्रवासी मजूदरों को नक्सली बनाने की थी योजना, परिवार ने नहीं थामने दिया बंदूक

Anuj Tiwari

Jharkhand Rai

Ranchi : कोविड-19 की शुरुआत में दूसरे राज्यों से झारखंड आये प्रवासी मजदूरों के हाथों में नक्सली बंदूक थमाने की फिराक में थे. लेकिन, इन नक्सलियों के मनसूबों पर मजदूरों के परिवारों ने पानी फेर दिया. डीजीपी एमवी राव ने बताया कि इन भोले-भाले मजदूरों और उनके बच्चों को नक्सली अपने दस्ते में शामिल करने की फिराक में थे, लेकिन यह नहीं हो पाया. उन प्रवासी मजदूरों के परिवारवालों ने इस तरह की गतिविधियों में शामिल होने से साफ इंकार कर दिया. डीजीपी ने ऐसे ग्रामीणों की सराहना करते हुए कहा कि पुलिस पर लोगों का विश्वास बढ़ रहा है.

इसे भी पढ़ेः रघुवर बोले-  मेरी बात से किसी को मिर्ची लगी, तो मैं क्या करूं

दूसरी ओर सूबे में हुए लॉकडाउन से खनन और ट्रांसपोर्टिंग में थोड़ी कमी आने के बाद नक्सली गतिविधि में भी काफी कमी आयी है. नक्सलियों के लेवी लेने से लेकर परेशान करने जैसी शिकायतों में भी कमी दिखी है. इस बीच पुलिस गतिविधि भी नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में बढ़ायी गयी है. पूरे राज्य में ऑपरेशन चलाया जा रहा है. लेकिन, डीजीपी एमवी राव ने चल रही पुलिस कार्रवाई को नाकाफी बताया है. उन्होंने कहा कि अभी नये सिरे से सारी चीजों को दुरुस्त करने की जरूरत है.

Samford

इसे भी पढ़ेः CM हेमंत बोले- स्टेन स्वामी को प्रताड़ित कर रही केंद्र सरकार, ‘हिटलरशाही व्यवस्था’ का एकजुट हो विरोध करें सभी विपक्षी दल

नक्सली गतिविधियों को नयी रणनीति से काबू करेगी पुलिस

डीजीपी ने कहा कि पुलिस कार्रवाई का दायरा बढ़ाना होगा, ताकि नक्सल गतिविधियों पर पूरी तरह से काबू पाया जा सके. उन्होंने बताया कि इस अवधि में उगाही नहीं हो पाने के कारण नक्सली अब दूसरी तरह की वारदातों को अंजाम दे रहे हैं. वे अब आगजनी कर अपना खौफ दिखाना चाहते हैं. लेकिन, पुलिस उनसे निपटने के लिए काफी है. पुलिस अब नयी रणनीति के तहत इन नक्सली गतिविधियों को काबू करेगी.

इसे भी पढ़ेः बाबूलाल पर झामुमो ने फिर बोला हमला, कहा- जमीर बेच चुके हैं मरांडी

आपसी फूट के कारण भी सरेंडर कर रहे नक्सली

लगातार नक्सलियों के बीच हो रहे मतभेद से भी नक्सली गतिविधियों पर लगाम लग रही है. कई नक्सली लगातार अपने हथियार डाल रहे हैं. डीजीपी बताते हैं कि आपसी फूट के कारण हाल में ही तीन हार्डकोर नक्सलियों ने आत्मसमर्पण किया. इससे साफ दिखता है कि नक्सली अब नयी दिशा की ओर रुख कर रहे हैं.

इसे भी पढ़ेः PUCL के वेबिनार में ज्यां द्रेज बोले- फादर स्टेन स्वामी को जेल में डालना उनके लिए मृत्युदंड के समान

Advertisement

Related Articles

Back to top button
%d bloggers like this: