न्यूज़ विंग
कल का इंतज़ार क्यों, आज की खबर अभी पढ़ें

गर्मी से पहले चरमरायी बिजली व्यवस्था सिकिदरी प्लांट बंद, #TTPS में कम हो रहा उत्पादन

893

Ranchi: अभी गर्मी आने में समय है, लेकिन बिजली की आंख मिचौली से आम जनता की परेशानी अभी से शुरू हो गयी है. राज्य में बिजली उत्पादन और मांग में काफी अंतर देखा जा रहा है.

पिछले कुछ दिनों के ट्रांसमिशन के आंकड़ों को देखें तो पता चलता है कि बिजली उत्पादन कम होता जा रहा है. जनवरी के शुरूआती दिनों से ही देखें तो टीटीपीएस में बिजली उत्पादन काफी कम है.

इसे भी पढ़ेंःदिल्ली में #NPR पर बैठक शुरू, सभी राज्यों के साथ केरल भी शामिल, ममता ने किया बायकॉट

वहीं सिकिदरी हाइडल पावर प्लांट में बार-बार खराबी आने के कारण बिजली उत्पादन बिलकुल ही ठप है.

hotlips top

ऐसे में कुछ दिन बिजली आपूर्ति के लिये सेंट्रल और इंलैंड पावर प्लांट के साथ-साथ बिजली अन्य माध्यमों से भी ली गयी. नौ जनवरी से देखें तो लोड शेडिंग भी की गयी. लेकिन वितरण की ओर से बिजली सरेंडर नहीं की गयी.

बता दें पतरातू विद्युत ऊर्जा निगम लिमिटेड और जेबीवीएनएल की ओर से पतरातु में 800 मेगावाट के चार यूनिट लगाये जा रहे है. काम जारी है.

बिजली की मांग में आयी कमी

ट्रांसमिशन की ओर से जारी सुबह नौ बजे और शाम पांच बजे की बिजली की मांग में काफी अंतर है.

तारीखबिजली की मांग (मेगावाट में) सुबह 9 बजेबिजली की मांग (मेगावाट में) शाम 5 बजे
9 जनवरी11411121
10 जनवरी11511101
11 जनवरीआंकड़ें जारी नहीं हुएआंकड़ें जारी नहीं हुए
12 जनवरी1103934
13 जनवरी1167988
14 जनवरी1151987
15 जनवरी12381004
16 जनवरी1234987

इसे भी पढ़ेंःचतरा: धारदार हथियार से मारकर शख्स की हत्या, जांच में जुटी पुलिस

टीटीपीएस में क्षमता से कम हो रहा उत्पादन

राज्य में सिकिदरी हाइडल पावर प्लांट के यूनिट 2 में निमार्ण कार्य चल रहा है. जबकि यूनिट 1 में पानी की कमी के कारण बिजली उत्पादन नहीं हो रहा है. वहीं टीटीपीएस में 210 मेगावाट क्षमता के दो यूनिट है. कुल क्षमता 420 मेगावाट, इसमें से प्रति यूनिट 170 मेगावाट तक उत्पादन का लक्ष्य रखा जाता है.

तेनुघाट थर्मल पावर स्टेशन (फाइल फोटो)

उत्पादन पिछले कुछ दिनों से लगातार कम हुआ है. पिछले कुछ दिनों के टीटीपीएस के उत्पादन को देखें तो 16 जनवरी को दोनों यूनिट मिलाकर 323 मेगावाट, 15 जनवरी को 315 मेगावाट, 14 जनवरी को 320 मेगावाट, 13 जनवरी को 311 मेगावाट, 12 जनवरी को 310 मेगावाट बिजली उत्पादन किया गया.

राज्य में प्रति दिन एक हजार मेगावाट बिजली की है जरूरत

राज्य के रोजाना की बिजली खपत को देखें तो लगभग एक हजार मेगावाट बिजली की जरूरत होती है. ऐसे में केंद्रीय पोल से लगभग सात सौ मेगावाट बिजली आपूर्ति की जाती है. लेकिन पिछले कुछ दिनों से केंद्रीय आवंटन में भी कमी आयी है.

12 जनवरी को 479 मेगावाट, 13 जनवरी को 400 मेगावाट, 15 जनवरी को 530 मेगावाट, 16 जनवरी को 420 मेगावाट आवंटित किया गया. वहीं इंलैड में उत्पादन 53-54 मेगावाट तक हुआ. कुल मिलाकर देखें तो गर्मी की शुरूआत के साथ ही बिजली रानी लोगों को रूलाने वाली है.

इसे भी पढ़ेंः#NirbhayaCase: दोषी मुकेश के बचने के सभी रास्ते बंद, राष्ट्रपति ने खारिज की दया याचिका

हमें सपोर्ट करें, ताकि हम करते रहें स्वतंत्र और जनपक्षधर पत्रकारिता...

Get real time updates directly on you device, subscribe now.

o1
You might also like