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चेंबर ने की रांची-नई दिल्ली राजधानी एक्सप्रेस को मुरी-बरकाकाना रूट से चलाने की मांग

Ranchi: फेडरेशन ऑफ झारखण्ड चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज के रेलवे उप समिति की बैठक गुरुवार को चैंबर भवन में हुई. रांची-नई दिल्ली राजधानी एक्सप्रेस (वाया बरकाकाना) के मार्ग में परिवर्तन से रामगढ़ जिलेवासियों की कठिनाईयों पर बैठक में चिंता जताई गई. कहा गया कि इस मार्ग से रांची-चोपन एक्सप्रेस (वाया बरकाकाना) का परिचालन कोविड काल से बंद किये जाने से भी आमजनों को कठिनाईयां हो रही हैं.

चैंबर अध्यक्ष धीरज तनेजा ने कहा कि रामगढ़ जिला कोयला उत्पादक क्षेत्र होने के साथ-साथ कृषि बहुल क्षेत्र भी है जहां से कृषक रांची-चोपन एक्सप्रेस के माध्यम से सब्जी बिक्री के लिए आवागमन करते थे. औद्योगिक क्षेत्र होने के कारण काफी संख्या में श्रमिकों का आवागमन भी इसी ट्रेन से होता था. वर्तमान में इस ट्रेन को बंद कर दिये जाने के कारण कृषक, श्रमिक सहित आमजनों को नियमित रूप से कठिनाईयां हो रही हैं. रामगढ़ में देश का सबसे बडा मिलिट्री कैंप भी है जहां हजारों की संख्या में दूसरे राज्यों विशेषकर हरियाणा, पंजाब, राजस्थान, दिल्ली जैसे क्षेत्रों से नौजवान सेना में भर्ती के लिए रामगढ़ आते रहते हैं. ऐसे में यह ट्रेन आर्मी के लिए भी महत्वपूर्ण है. रांची-नई दिल्ली राजधानी एक्सप्रेस को पूर्व की भांति (वाया मुरी-बरकाकाना) सप्ताह में एक दिन तथा ट्रेन संख्या 18613/18614 रांची-चोपन एक्सप्रेस (वाया बरकाकाना) को सप्ताह में तीन दिन लोहरदगा लाईन एवं तीन दिन वाया बरकाकाना परिचालित किया जाना चाहिए. इसके अलावा जिलेवासियों की समस्या को देखते हुए सप्ताह में एक दिन एक अतिरिक्त नई ट्रेन रांची से नई दिल्ली राजधानी अथवा प्रीमियम ट्रेन (वाया मुरी, बरकाकाना, हजारीबाग, कोडरमा) परिचालित करने की अनुशंसा की जाय. रेल मंत्रालय के इस निर्णय से रामगढ़, हजारीबाग व कोडरमा के लोगों को नई दिल्ली के लिए आसान कनेक्टिविटी उपलब्ध हो पायेगी.

बैठक में उपाध्यक्ष दीनदयाल बरनवाल, महासचिव राहुल मारू, रेलवे उप समिति के चेयरमेन नवजोत अलंग सहित अन्य भी उपस्थित थे.

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धनबाद-फिरोजपुर एक्सप्रेस का रूट विस्तार जरूरी

नवजोत अलंग ने कहा कि ट्रेन संख्या 13007/13308 धनबाद-फिरोजपुर एक्सप्रेस का रूट विस्तार आवश्यक है. इसके लिए दक्षिण-पूर्व रेलवे द्वारा अनुशंसित प्रस्ताव पर भी रेलवे बोर्ड की स्वीकृति आवश्यक है. इस ट्रेन का रूट रांची तक विस्तारित होने से रांचीवासियों को अयोध्या, काशी एवं लखनउ के लिए एक वैकल्पिक ट्रेन सेवा उपलब्ध हो सकेगी. रेल मंत्रालय को राजधानीवासियों की वर्षों से लंबित इस मांग को पूर्ण करने की दिशा में पहल करनी चाहिए.

हावडा-पुणे द्विसाप्ताहिक दुरंतो एक्सप्रेस के रूट विस्तार का प्रस्ताव रेलवे बोर्ड द्वारा स्वीकृत किये जाने के बाद भी अब तक आधिकारिक आदेश निर्गत नहीं होने से हो रही कठिनाईयों पर भी बैठक में चर्चा की गई.

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