न्यूज़ विंग
कल का इंतज़ार क्यों, आज की खबर अभी पढ़ें

#CBI के DSP इंटरपोल एनपी मिश्रा ने पीएम को लिखा पत्र, संयुक्त निदेशक अजय भटनागर को हटाने की मांग

बकोरिया कांड को लेकर संयुक्त निदेशक अजय भटनागर हटाने की मांग, जांच को प्रभावित करने का आरोप

1,418

Ranchi: CBI के डीएसपी इंटरपोल एनपी मिश्रा ने सीबीआइ के संयुक्त निदेशक अजय भटनागर पर गंभीर आरोप लगाते हुए उन्हें हटाने की मांग की है. 8 जून 2015 को पलामू के सतबरवा थाना क्षेत्र में बकोरिया में हुई कथित पुलिस नक्सली-मुठभेड़ में सीबीआइ के संयुक्त निदेशक अजय भटनागर पर केस को प्रभावित करने का आरोप लगाते हुए एनपी मिश्रा ने ये मांग की है.

गौरतलब हो कि सीबीआइ अधिकारी एनपी मिश्रा ने इस संबंध में प्रधानमंत्री को पत्र लिख कर कहा है कि बकोरिया में फर्जी मुठभेड़ में निर्दोष लोग मारे गए थे. इस कांड की जांच खुद सीबीआइ की स्पेशल सेल-1 के द्वारा की जा रही है.

इसे भी पढेंः झारखंड के IAS, IPS, IFS के नाम चिट्ठी, क्यों आप ऐसे हो गये ???

डीएसपी ने लिखा है कि सीबीआइ में बड़े पद कर रहते हुए भटनागर इस केस को प्रभावित कर सकते हैं. ऐसे में उन्हें तत्काल पद से हटाया जाए. क्योंकि इस मामले में सीआइडी के अफसरों पर भी गंभीर आरोप लगे हैं. सीआइडी के अफसरों पर आरोप है कि उन्होंने लंबे समय तक मामले की जांच नहीं की. और अजय भटनागर भी सीआइडी के एडीजी के पद पर पदस्थापित रहें हैं.

अजय भटनागर पर केस में गड़बड़ी करने का लगा था आरोप

उल्लेखनीय है कि 8 जून 2015 को सतबरवा थाना क्षेत्र में बकोरिया  में हुई कथित पुलिस नक्सली-मुठभेड़ में 12 लोग मारे गए थे. मुठभेड़ पर विवाद होने के बाद तत्कालीन एडीजी रेजी डुंगडुंग को हटाकर अजय भटनागर को सीआइडी का एडीजी बनाया गया था.

अजय भटनागर के एडीजी रहने के दौरान परिजनों ने केस के अनुसंधान की धीमी रफ्तार व गड़बड़ी का आरोप लगाया था. जिसके बाद मानवाधिकार आयोग ने पूरे मामले पर संज्ञान लिया था.

आयोग ने भी सीआइडी को केस की धीमी जांच के लिए फटकार लगायी थी. बाद में भटनागर केंद्रीय प्रतिनियुक्ति पर सीबीआइ में चले गए थे.

WH MART 1

इसे भी पढ़ेंः#Honey_Trap सेक्स रैकेट ने नेताओं के साथ 13 IAS को लिया था टारगेट में, 18 वर्षीय आरोपी मोनिका गवाह बनने को तैयार

ट्रांसफर के एक मामले में दिल्ली HC में होनी है सुनवाई

सीबीआइ के डीएसपी इंटरपोल एनपी मिश्रा ने प्रधानमंत्री, सीबीआइ निदेशक, सीवीसी को भी पत्र भेजा है. पत्र में जिक्र है कि उनके ट्रांसफर के एक मामले में एक अक्तूबर को दिल्ली हाईकोर्ट में सुनवाई होनी है.

लेकिन अजय भटनागर ने ट्रांसफर के मामले में जल्द सुनवाई के लिए पद का दुरूपयोग कर हाईकोर्ट में पीटिशन दायर की है.

बकोरिया मुठभेड़ की CBI कर रही है जांच

बता दें कि बकोरिया मुठभेड़ में नक्सली बता कर मारे गये लोगों के परिजनों ने इसे फर्जी मुठभेड़ बताते हुए हाइकोर्ट में राज्य की जांच एजेंसी सीआइडी की जांच पर सवाल उठाते हुए सीबीआइ जांच की मांग की थी.

सीबीआइ ने पलामू के सदर थाना कांड संख्या 349/2015, दिनांक 09 जून 2015 के केस को टेकओवर करते हुए प्राथमिकी दर्ज की थी.

इस केस के शिकायतकर्ता तत्कालीन सतबरवा ओपी प्रभारी मो. रुस्तम हैं. उन्होंने लातेहार के मनिका थाना क्षेत्र के उदय यादव, चतरा के प्रतापपुर थाना क्षेत्र के निमाकातू निवासी एजाज अहमद, चतरा के प्रतापपुर थाना क्षेत्र के मझिगांव निवासी योगेश यादव और नौ अज्ञात मृतकों तथा एक अज्ञात नक्सली के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज करायी थी.

इसे भी पढ़ेंः#Newtrafficrules में भारी राहत, #Pollutioncertificate नहीं रहने पर अब 10,000 नहीं सिर्फ 1000 रुपये जुर्माना 

हमें सपोर्ट करें, ताकि हम करते रहें स्वतंत्र और जनपक्षधर पत्रकारिता...

kohinoor_add

Get real time updates directly on you device, subscribe now.

You might also like