BiharLead NewsTOP SLIDER

समाज में भेदभाव पैदा करने की कोशिश कर रही थी बीजेपीः नीतीश

Patna : मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा देने के बाद नीतीश कुमार और राजद नेता तेजस्वी यादव ने साझा प्रेस कांफ्रेंस की. नीतीश कुमार ने कहा कि हमने 164 विधायकों के समर्तन पत्र के साथ राज्यपाल के समक्षसरकार बनाने का दावा पेश किया है. इसमें 7 दल शामिल हैं. उन्होंने कहा कि समाज में भेदभाव पैदा करने की कोशिश हो रही थी. हम किसी प्रकार के भ्रष्टाचार से समझौता नहीं करते हैं, आप निश्चिंत रहें कि अब भी सब सही होगा.

इसे भी पढ़ें – BIG BREAKING : नीतीश कुमार ने इस्तीफा सौंपा, नयी सरकार बनाने का दावा भी पेश किया

हिंदी पट्टी में भाजपा का कोई एलायंस नहीं रह गया

प्रेस कांफ्रेंस में राजद नेता तेजस्वी यादव ने कहा कि हिंदी पट्टी में देखें तो भाजपा का कोई एलायंस पार्टनर नहीं रहा. वह अपने सहयोगियों को खत्म करने में लगी रहती है. उन्होंने कहा कि भाजपा क्या तैयारी थी, यह किसी से छिपा था क्या.

Sanjeevani

उन्होंने कहा कि देश में अराजकता का माहौल है. क्या कार्रवाई कर रहे हैं. आज दिन भी महत्वपूर्ण है. आज के दिन ही क्विट इंडिया मूवलमेंट की शुरुआत हुई थी, बिहार ने फिर से दिखा दिया है, देश को संदेश दिया है, विपक्ष को संदेश दिया है, दिशा दिखायी ह,. जो मजबूती के साथ जनता से सवाल के लिए लड़ता है, जनता के साथ जो खड़ा रहता है, जनता उसे पूरी तरह से स्वीकार करती है, जनता विकल्प चाहती है. बिहार को स्पेशल स्टेटस नहीं मिला. विशेष पैकेज नहीं मिला. मुख्यमंत्री ने अपना काम किया पर केंद्र ने नहीं दिया. जेपी नड्डा ने कहा कि क्षेत्रीय पार्टियों को समाप्त करेंगे. यानी लोकतंत्र की जननी में लोकतंत्र को चुनौती दे रहे हैं. सबसे पहले देश के संविधान को बचाना है. नीतीश कुमार को धन्यवाद देते हैं, जिन्होंने निडर निर्णय लेने का काम किया. बीजेपी की पॉलिसी है जो डरता है उसे डराओ, जो बिकता है उसे खरीदो. झारखंड, महराष्ट्र में क्या हुआ नहीं देखा.

हम तो चाचा-भतीजा हैं, लड़ते भी हैं, पर समाजवादी लोग हैं

5 दलों की बैठक हुई, मुझे जिम्मेदारी दी गयी. मुख्यमंत्री ने निर्णय लिया, उसके बाद हमने भी निर्णय लिया. हम समाजवादी लोग हैं. हम लालू जी को धन्यवाद देते हैं, बीमार अवस्था में भी उन्होंने प्रस्ताव पर सहमति दी. भाजपा के एजेंडा को बिहार में वलागू नहीं होने देना है. लालू जी आडवाणी जी के रथ को रोका था. हम चाचा- भतीजा हैं, लड़े भी हैं, आरोप भी लगाये हैं. समाजवादी लोग हैं, पुरखों की विरासत को कोई और ले जायेगा क्या. उस पर ध्यान नहीं देना है.

इसे भी पढ़ें- पालकी ढोये कोय, दूल्हा त नीतीशे कुमार…

Related Articles

Back to top button