BokaroJharkhand

Bermo: बोकारो थर्मल में भी 16 जवानों एवं एक एएसआइ की विस्फोट में मौत मामले में भी निलंबित हुए थे इंस्पेक्टर मोहन पांडेय

Bermo: 22 नवंबर की रात्रि चंदवा के लुकइया मोड़ में हुई नक्सली वारदात में दारोगा सहित चार जवानों के शहीद हो जाने की घटना के बाद थाना प्रभारी सह इंस्पेक्टर मोहन पांडेय को निलंबित कर दिया गया है.

चंदवा के पूर्व वर्ष 2006 में बोकारो जिला के बोकारो थर्मल एवं तत्त्कालीन नावाडीह तथा वर्तमान में पेंक नारायणपुर थाना की सीमा पर स्थित नयी बस्ती के समीप एक एएसआइ सहित 16 जवानों को नक्सलियों द्वारा विस्फोट कर मारे जाने की घटना में भी तत्कालीन बोकारो थर्मल थाना के थानेदार मोहन पांडेय को निलंबित कर दिया गया था.

दिसंबर 2006 में नक्सलियों ने शहीद सप्ताह के दौरान नावाडीह थाना के कंजकिरो, बुडगड्डा आदि स्थानों पर पोस्टर बाजी कर रखी थी. सूचना पाकर थानेदार मोहन पांडेय ने एएसआइ एसएन सिंह को 16 जवानों के साथ 407 वाहन में भेजा था.

इसे भी पढ़ें – बिना बजट की मुख्यमंत्री कृषि आशीर्वाद योजना को तोरपा के ग्राम प्रधानों ने बताया जुमला, देखिये वीडियो

Sanjeevani

डीआइजी ने किया था निलंबित

वापसी के क्रम में नयी बस्ती के समीप पुलिया के नीचे लगाये गये शक्तिशाली बारुदी विस्फोट में एएसआइ व 16 जवानों सहित 407 वाहन के परखच्चे उड़ गये थे.

घटना के बाद थानेदार मोहन पांडेय को बोकारो डीआइजी अनिल पाल्टा ने निलंबित कर दिया था. 2006 में भी पुलिस के मजबूत सूचना तंत्र होने के दावा के बाद भी थानेदार मोहन पांडेय को बारुदी विस्फोट लगाये जाने की जानकारी नहीं मिली थी और न ही नक्सलियों की सक्रियता की जानकारी मिली थी.

इसे भी पढ़ें – #JMM नेता मोहन गुप्ता हत्याकांड: टॉप माओवादी कमांडरों नीतेश, गोदराय, रमण व अन्य पर प्राथमिकी

Related Articles

Back to top button