न्यूज़ विंग
कल का इंतज़ार क्यों, आज की खबर अभी पढ़ें

 संत सम्मेलन में कहा गया, न्यायपालिका में मंदिर विरोधी लोग, मोदी भगवान राम का अवतार

मोदी सरकार अयोध्या में राम मंदिर के लिए रास्ता साफ करे. यह मांग अखिल भारतीय संत समिति के सम्मेलन में उठी.

32

NewDelhi : मोदी सरकार अयोध्या में राम मंदिर के लिए रास्ता साफ करे. यह मांग अखिल भारतीय संत समिति के सम्मेलन में उठी. कहा गया कि सरकार को अयोध्या में राम मंदिर के लिए रास्ता साफ करना चाहिए.  बता दें कि दो दिवसीय यह सम्मेलन शनिवार को शुरू हुआ है. सम्मेलन में पीएम नरेंद्र मोदी को भगवान राम का अवतार बताया गया. साथ ही कहा गया कि मंदिर निर्माण में न्यायपालिका से मदद नहीं मिलगी,  क्योंकि वह मंदिर विरोधी लोगों से भरी हुई है.  बता दें कि कुछ दिन पहले ही आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत भी कानून के जरिए राम मंदिर बनवाने की बात कह चुके है. सम्मेलन में मौजूद अटल बिहारी वाजपेयी सरकार में केंद्रीय मंत्री रहे स्वामी चिन्मयानंद के अनुसार विपक्षी समूहों से बातचीत करने की संभावनाएं खत्म हो चुकी है. खबरों केअनुसार सम्मेलन में पहुंचे अधिकतर लोगों ने राम मंदिर पर कानून लाने की मांग की, लेकिन राम जन्मभूमि न्यास सदस्य राम विलास वेदांती ने कहा कि मंदिर किसी विधेयक या कानून के जरिए नहीं बल्कि आपसी रजामंदी से बन सकता है. चेताया कि इससे सांप्रदायिक दंगे भड़क सकते हैं. वेदांती ने कहा, मैं अयोध्या में विराजमान रामलला से प्रार्थना करता हूं कि वे पीएम और बाकी सभी को सदबुद्धि दे ताकि रामलला का भव्य मंदिर दिसंबर से बनना शुरू हो सके.

इसे भी पढ़ें : शशि थरूर ने फिर कसा मोदी पर तंज, कहा मोदी सफेद घोड़े पर हाथ में तलवार लेकर बैठे हीरो जैसे  

कांग्रेस ने यह मामला 70 साल तक लंबित रखा, अब कोई ऐसा नहीं कर पायेगा

इस क्रम में  वेदांती ने राम जन्मभूमि-बाबरी मस्जिद जमीन के मालिकाना हक मामले को सुप्रीम कोर्ट द्वारा जनवरी 2019 तक टालने का भी जिक्र किया. कहा कि कांग्रेस ने यह मामला 70 साल तक लंबित रखा लेकिन अब कोई ऐसा नहीं कर पायेगा. वेदांती ने कहा, मंदिर बनाने का कानून बनेगा, विधेयक आयेगा, बिल पास होगा, लेकिन फिर देश में सांप्रदायिक दंगा को कोई रोक नहीं सकता.  हम चाहते हैं खून खराबा न हो.  देश के अंदर शांति बनी रहे. साथ ही वेदांती ने यह भी आश्वासन दिया कि अगर अयोध्या में राम मंदिर बना तो तो लखनऊ में खुदा के नाम पर एक मस्जिद बनेगी. सम्मेलन में आये हरियाणा के जैन मुनि गुप्तिसागर ने कहा कि न्यायपालिका मंदिर नहीं बनने देगी क्योंकि यह बीते 70 साल से वहां मंदिर विरोधी लोग बैठे हुए हैं.  इस अवसर पर स्वामी विवेकानंदजी महाराज ने कहा कि इससे ज्यादा आदर्श स्थिति नहीं हो सकती कि राम भक्त नरेंद्र मोदी पीएम हैं, जबकि राम भक्त योगी आदित्यनाथ यूपी के सीएम हैं.  उन्होंने कहा, मुझे महसूस होता है कि भक्ति में मोदी जी भगवान राम के अवतार हैं. अगर राम मंदिर उनके कार्यकाल में नहीं बनता तो यह हैरान करने वाला होगा.

हमें सपोर्ट करें, ताकि हम करते रहें स्वतंत्र और जनपक्षधर पत्रकारिता...

Get real time updates directly on you device, subscribe now.

Comments are closed.

%d bloggers like this: