Business

नकली उत्पादों से देश को हर साल एक लाख करोड़ रुपए से ज्यादा के नुकसान  का आकलन 

विज्ञापन

NewDelhi :  भारत में नकली उत्पादों से देश को हर साल एक लाख करोड़ रुपए से ज्यादा का नुकसान होने की खबर है.  प्रमाणन उद्योग संगठन एएसपीए का यह कहना है.  जान लें कि संगठन एएसपीए के 60 सदस्य हैं.  संगठन  का कहना है कि नकली उत्पादों  के बारे में सही  से जागरुकता फैलाने और इसके खिलाफ समाधान निकालना जरूरी है. संगठन ने ब्रांड, आय और दस्तावेजों की सेफ्टी के लिए टेक्नोलॉजी अपनाने पर बल दिया है.

एएसपीए के अध्यक्ष नकुल पासरिचा के अनुसार नकली उत्पादों से भारत को हर साल लगभग 1.05 लाख करोड़ रुपए का नुकसान हो रहा है.  तहा कि अगर जागरुकता और निगरानी का सही इस्तेमाल कर नकली उत्पादों पर 50 फीसदी भी रोक लगा दी जाये जो भारत को सालाना 50 हजार करोड़ रुपए की बचत हो सकती है.

  इसे भी पढ़ेंः रिलायंस का 42वां AGM: ‘Saudi Aramco’ से बड़ा करार, 5 सितंबर को ‘जियो फाइबर’ की लॉन्चिंग

भारत में सबसे ज्यादा नकली दवाईयां बनती हैं

भारत में सबसे ज्यादा नकली दवाईयां बनती हैं. इस संबंध में  नकुल पासरिचा ने कहा कि सरकार  इस मामले में  सख्त  से उचित कदम उठाये, क्योंकि नकली दवाइयां आम लोगों की सेहत के लिए बेहद खतरनाक है. आंकड़ों के अनुसार कुछ सालों में दुनियाभर में होने वाले व्यापार में नकली सामानों की हिस्सेदारीबढ़ कर 3.3 फीसदी तक पहुंच गयी  है। ऐसे में  नकली उत्पादों पर रोक लगाने के लिए नयी टेक्नोलॉजी का उपयोग करना जरूरी है.  ऐसी टेक्नोलॉजी भारत में अभी नहीं है.  उसे जल्द ही भारत में लाने की बात कही गयी.

इसे भी पढ़ेंः मुस्लिम बहुल होने के कारण जम्मू-कश्मीर से हटा अनुच्छेद 370: चिदंबरम

Telegram
Advertisement

Related Articles

Back to top button
Close