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क्या अदिवासियों की जमीन पर बने सोहराय व काव्स भवनों की जमीन असली मालिकों को लौटाना चाहते हैं बाबूलाल और हेमंत!

बाबूलाल और हेमंत प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान आदिवासियों के हितैशी बन रहे थे.

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Ranchi: टीवी चैनलों पर देखा कि बाबूलाल मरांडी और हेमंत सोरेन साथ में मिलकर प्रेस कॉन्फ्रेंस कर रहे हैं. पहली नजर में ऐसा लगा कि जैसे आदिवासियों की जमीन पर बने भव्य इमारत सोहराय जिस पर मालिकाना हक हेमंत सोरेन का है और काव्स जो बाबूलाल मरांडी का है, उसकी जमीन का असली मालिक जो आदिवासी हैं, उन्हें लौटाने वाले हैं. यह सभी जानते हैं कि दोनों भवन सीएनटी और एसपीटी एक्ट का उल्लंघन कर बनाया गया है. इन बातों को बीजेपी के प्रदेश प्रवक्ता प्रतुल शाहदेव बीजेपी के प्रदेश कार्यालय में पत्रकारों के सामने रख रहे थे. उन्होंने कहा कि बाद में पता चला कि वो दोनों एक साथ राजनीति करने बैठे हैं. दोनों मिलकर एक बार फिर से कांग्रेस पर प्रेशर बनाने का काम कर रहे हैं. बाबूलाल और हेमंत प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान आदिवासियों के हितैशी बन रहे थे. जबकि सभी को पता है कि सोरेन परिवार ने जितना एसपीटी और सीएनटी एक्ट का उल्लंघन किया है, उतना शायद ही किसी ने झारखंड में किया होगा.

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दोनों कांग्रेस को कठघरे में खड़ा कर रहे हैं

मीडिया से बात करते हुए प्रदेश प्रवक्ता प्रतुल शाहदेव ने कहा कि बाबूलाल और हेमंत दोनों मिलकर गठबंधन के नाम पर कांग्रेस को कठघरे में खड़ा करने का काम कर रहे हैं. साथ ही कहा कि यह गठबंधन बिना किसी नीति और सिद्धांत के सिर्फ सत्ता पाने के लोभ से बनी है. कहा कि हमें गठबंधन करना था तो पार्टी ने चुनाव के तारीखों की घोषणा होने से 48 घंटे पहले ही गठबंधन का ऐलान किया. लेकिन महागठबंधन पता नहीं कब अपनी समस्याओं को सुलझाएगा. महागठबंधन को देखकर साफ कहा जा सकता है कि यह सभी पार्टियां बीजेपी से बुरी तरह डरी हुई हैं. आज तो बाबूलाल और हेमंत एक साथ दिख रहे हैं. लेकिन यह भी जानने की जरूरत है कि आज से पहले इन दोनों ने एक दूसरे के बारे क्या-क्या कहा है. दोनों को देखकर यही कहा जा सकता है कि “पैरों के नीचे जमीन नहीं. तुम्हें अभी भी यकीन नहीं”.

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कांग्रेस और जेएमएम एक जैसे

प्रदेश प्रवक्ता ने आगे कहा कि कांग्रेस और जेएमएम दोनों पार्टियां वंशवाद का जीता जागता उदाहरण हैं. एक तरफ कांग्रेस में राहुल की ताजपोशी हुई तो दूसरी तरफ जेएमएम में हेमंत सोरेन की ताजपोशी होती है. एक तरफ कांग्रेस में प्रियंका गांधी इंट्री लेती हैं तो दूसरी तरफ जेएमएम में हेमंत सोरेन की बहन अंजली जी इंट्री लेती हैं. दोनों पार्टी सिर्फ वंशवाद की राजनीति करती आयी हैं.

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