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आरटीआई के जवाब से नाराज पार्षद लेंगे अब कोर्ट की शरण

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Ranchi: आरटीआई के तहत मिले जवाब से नाराज रांची नगर निगम के पार्षद अब कोर्ट की शरण लेने पर विचार कर रहे हैं. मामला निगम के अतंर्गत हुए स्टैंडिग कमिटी के चुनाव से जुड़ा हुआ है. चुनाव के आये फैसले से नाराज कुछ मुस्लिम पार्षदों ने कहा है कि सूचना के अधिकार के तहत जो सूचना उन्होंने मांगी थी, वो सही नहीं है. अब वे इस संदर्भ में अपने वकील के माध्यम से कोर्ट की शरण लेंगे. आरटीआई के तहत यह सूचना वार्ड 21 के पार्षद एहतेशाम ने स्टैंडिंग कमिटी के चुनाव को लेकर मांगी थी. इस पर जन सूचना पदाधिकारी ने जो सूचना पार्षदों को दी है, उसपर वार्ड 16 की पार्षद नाजिमा रजा ने नाराजगी जतायी है. उन्होंने कहा कि सूचना के जवाब में वह जल्द ही कोर्ट की शरण लेंगी. हालांकि सूचना मांगने वाले पार्षद एहतेशाम ने कहा कि उनका मकसद केवल चुनाव के संदर्भ में सूचना लेना था, इससे अधिक कुछ नहीं.

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साजिश करने में डिप्टी मेयर पर लगाया था आरोप

मालूम हो कि निगम सभागार में गत 11 अक्टूबर को हुए चुनाव में स्टेंडिंग कमिटी के लिए 10 पार्षदों का चयन किया गया था. इन पार्षदों में एक भी मुस्लिम पार्षदों का चयन नहीं किया जा सका था. इसपर निगम के 10 मुस्लिम पार्षदों ने चुनाव में साजिश करने का आरोप लगाते हुए कहा था कि मुस्लिम पार्षदों को हराने का सारा प्लान डिप्टी मेयर संजीव विजयवर्गीय का था.

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आरटीआई के जरिये क्‍या जानकारी मांगी गयी

आरटीआई -2005 कानून के तहत वार्ड 21 के पार्षद ने निम्न सूचना मांगी थी:

1 –क्या जोन के चुनाव के समय निगम के सभी 53 पार्षद मौजूद थे? झारखंड अधिनियम 2011 के बाईलॉज में स्पष्ट रूप से लिखा है कि अगर निगम के 53 पार्षदों की उपस्थिति में जोन का चुनाव होता है तो उसे वैध माना जाएगा. चुनाव के वक्त अगर सभी पार्षद मौजूद थे, तो प्रमाण दें और नहीं थे तो क्या चुनाव वैध या अवैध रूप से किया गया, इसकी जानकारी दें.

2 – किस परिसीमन के तहत पार्षद पद का चुनाव 2013 और 2018 में हुआ और जोन किस तरह से बांटा गया, इसकी जानकारी दें.

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नगर निगम की द्वारा उपलब्‍ध करायी गयी जानकारी

1 – अधिनियम की धारा 49(2) के आलोक में कहा गया कि प्रत्येक जोनल समिति में शामिल वार्डों के समस्त निर्वाचित पार्षद शामिल होंगे. अधिनियम के आलोक में जोनल समिति के अध्यक्षों का चुनाव वैध है.

2 – पार्षद पद के चुनाव के लिए वार्डों का परिसीमन जिला प्रशासन द्वारा किया गया है. स्टेंडिंग समिति के गठन की स्वीकृति निगम बोर्ड द्वारा 13 अगस्त को संपन्न बैठक में प्रस्ताव पर दी गयी है.

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मेयर ने कहा था चुनाव है वैध, जबकि हम नहीं है संतुष्ट: नाजिम रजा

इस मामले पर न्यूज विंग से बातचीत में वार्ड 16 की पार्षद नाजिमा रजा का कहना है कि उन्होंने जब चुनाव को लेकर मेयर आशा लकड़ा से मुलाकात भी की थी. मेयर ने तो इस चुनाव को सही ठहराया था. जबकि हकीकत यह है कि चुनाव में हम पार्षदों को नहीं चुनने की एक साजिश रची गयी थी. आरटीआई के जवाब पर उन्होंने कहा कि उनके वकील अभी रांची से बाहर हैं. जैसे ही वे आयेंगें, आरटीआई के जवाब में वे कोर्ट की शरण लेंगी. हालांकि आरटीआई दाखिल करने वाले पार्षद एहतेशाम ने तो यह कहा कि कोर्ट जाने का फैसला अभी उनका नहीं है. वे तो केवल यह जानना चाहते थे कि परिसीमन के तहत चुनाव हुआ था या नहीं.

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