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अखबार से नाराज अमेरिकी हमलावर ने दफ्तर पर किया हमला, पांच की मौत दो घायल

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Washington : मैरीलैंड के एक अखबार से लंबे समय से नाराज एक अमेरिकी हमलावर ने शुक्रवार बंदूक और स्मोक ग्रेनेड से समाचारपत्र के दफ्तर पर हमला कर दिया, जिसमें पांच लोगों की मौत हो गई और दो अन्य घायल हो गये. हमलावर की पहचान 38 साल के जैरॉड रामोस के तौर पर की गयी है, जिसे गिरफ्तार कर लिया गया है. पुलिस उससे पूछताछ कर रही है.  अमेरिकी शहर अनापोलिस में कैपिटल गजट अखबार के दफ्तर पर हुए इस हमले को अमेरिका में पिछले कुछ दशकों में हुए सबसे भयावह हमलों में से एक बताया जा रहा है. पुलिस के मुताबिक यह हमला लक्षित था.

मैरीलैंड की राजधानी अनापोलिस में एक संवाददाता सम्मेलन में एने अरुंदेल काउंटी पुलिस के कार्यवाहक प्रमुख बिल क्राम्फ ने बताया कि इसमें पांच लोगों की मौत हो गई और दो लोग मामूली तौर पर घायल हुए हैं.  इस बारे में क्राम्फ ने कहा कि कैपिटल गजट पर हुआ यह हमला एक लक्षित हमला था. उन्होंने कहा कि यह हमलावर शुक्रवार को आज पूरी तरह तैयार होकर आया था. वह लोगों को मारने की तैयारी के साथ आया था. उसकी मंशा लोगों को नुकसान पहुंचाने की थी.

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मारे गये लोगों में अखबार के सहायक संपादक भी हैं

पुलिस ने बताया कि मारे गये लोगों में अखबार के सहायक संपादक रॉब हियासेन , संपादकीय पृष्ठ प्रभारी गेराल्ड फिशमैन, संपादक और संवाददाता जॉन मैकनमारा, विशेष प्रकाशन संपादक वेंडी विंटर्स और सेल्स सहायक रेबेका स्मिथ हैं. वाशिंगटन पोस्ट अखबार के अनुसार रामोस 2011 में अखबार के एक स्तंभ को लेकर उसके खिलाफ मानहानि के एक मामले को हार गया था. उसका कहना था कि इस लेख से उसकी मानहानि हुई थी. कैपिटल गजट के संपादक जिम्मी डिबट्स ने ट्वीट किया कि इस घटना से वह बाह, उदास और स्तब्ध हैं.

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गोलीबारी की घटना वर्जीनिया घटना की याद दिलाती है

उन्होंने लिखा कि मैं कुछ भी बोलने की स्थिति में नहीं हूं, बस इतना जानता हूं कि कैपिटल गजट समाचारपत्र के संवाददाता और संपादक हर दिन अपना सबकुछ इस अखबार के नाम कर देते हैं. यहां हफ्ते में केवल 40 घंटे काम नहीं करना होता है और बदले में मोटी तनख्वाह नहीं मिलती हैबस हमारे समाज की कहानियां बताने का जुनून होता है.

गोलीबारी की यह घटना वर्जीनिया की 2015 की उस घटना की याद दिलाती है, जिसमें एक स्थानीय टेलीविजन पर सीधे प्रसारण के दौरान दो पत्रकारों की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी. राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने हमले के शिकार लोगों के साथ संवेदनाएं प्रकट करते हुए कहा कि पीड़ितों और उनके परिवारों के साथ मेरी दुआएं हैं. मौके पर फौरन पहुंचे सभी लोगों का शुक्रिया.

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