lok sabha election 2019

मोदी के ‘सराब’ पर अखिलेश का तंज, ‘सराब’ और ‘शराब’ का फर्क नहीं पता

Lucknow: चुनाव नजदीक आते ही नेताओं के बीच जुबानी जंग तेज होती जा रही है. इसमें शब्दों को तोड़ मरोड़ कर पेश करना और फिर उसका जवाब देना भी चल रहा है. प्रधानमंत्री मोदी के सराब वाले बयान पर सपा नेता और उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने मौजूदा सरकार पर तंज कसते हुए ट्वीट किया है नफरत को फैलानेवाले शराब और सराब का अंतर नहीं जानते.

 

adv

इसे भी पढ़ें – कड़िया मुंडा से आशीर्वाद लेकर अर्जुन मुंडा ने शुरू किया चुनाव प्रचार अभियान

क्या कहा था मोदी ने

गुरुवार को ही मेरठ में आयोजित भाजपा की एक चुनावी रैली में पीएम मोदी ने कहा था, “यहां पर महामिलावट में भी कौन ज़्यादा मिलावट करता है इस पर भी स्पर्धा लग गई. एक तरफ सपा, बसपा और आरएलडी यहां पर आए.” उन्होंने कहा, “अब इसको अलग तरीके से देखिए. सपा का ‘स’ आरएलडी का ‘र’ और बसपा का ‘ब’ – मतलब ‘सराब’. अच्छी सेहत के लिए सराब से बचना चाहिए या नहीं बचना चाहिए…. ये सराब आपको बर्बाद कर देगी.”

इसे भी पढ़ें – पिठौरिया में वाहन चेकिंग के दौरान,फॉर्च्यूनर कार से 30 लाख रुपये बरामद

टेली प्रॉम्प्टर ने खोली पोल

इसके जवाब में अखिलेश यादव ने ट्विटर पर लिखा, “आज टेली-प्रॉम्प्टर ने यह पोल खोल दी कि सराब और शराब का अंतर वह लोग नहीं जानते जो नफ़रत के नशे को बढ़ावा देते हैं. सराब को मृगतृष्णा भी कहते हैं और यह वह धुंधला-सा सपना है जो भाजपा 5 साल से दिखा रही है लेकिन जो कभी हासिल नहीं होता. अब जब नया चुनाव आ गया तो वह नया सराब दिखा रहे हैं.”

वहीं लालू सिंह यादव की पार्टी राष्ट्रीय जनता दल ने लिखा, “धत! 5 साल में ‘स’ और ‘श’ का अंतर नहीं सीखा! लो हम सिखाते हैं- शाह का श, राजनाथ का र और बुड़बक बीजेपी का ब! बन गया शराबबंदी में धड़ल्ले से बिकता गुजराती शराब!”

इसे भी पढ़ें – पलामू : मुख्यमंत्री जनसंवाद को गुमराह कर रहे राज्यस्तरीय पदाधिकारी, अपनी ही रिपोर्ट पर उठाये सवाल

Related Articles

Back to top button
%d bloggers like this: