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आठ महीने बीत जाने के बाद भी पुलिस का हाथ खाली, नहीं मिला अफसाना परवीन के हत्यारे का सुराग

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Ranchi: पुंदाग में रहनेवाली 20 वर्षीय अफसाना परवीन की हत्या के आठ महीने बीत जाने के बाद भी अफसाना परवीन के हत्यारे का अभी तक कोई सुराग नहीं मिल पाया है. मारवाड़ी वीमेंस कॉलेज की पार्ट -2 की छात्रा अफसाना परवीन 6 अप्रैल को लापता हो गई थी. जिसके बाद 8 अप्रैल को लोहरदगा के नगजुआ गांव से उसकी लाश अधजली अवस्था में मिली थी. इस मामले में अभी तक हत्यारे के बारे में पुलिस के हाथ कोई सुराग नहीं लगा है.

6 अप्रैल को हुई थी लापता

अफसाना परवीन 6 अप्रैल को फॉर्म भरने के लिए दिन के 11:30 बजे पुंदाग स्थित अपने घर से मारवाड़ी कॉलेज के लिए निकली थी. शाम तक वह घर नहीं पहुंची. जिसके बाद परिजनों ने खोजबीन शुरू की थी. 8 अप्रैल को अफसाना परवीन की हत्या कर दी गयी और उसकी लाश जला कर कैरो थानांतर्गत नगजुआ गांव में फेंक दी गयी थी.

पिता ने दर्ज कराया था सनहा

अफसाना परवीन के पिता अख्तर अंसारी ने छह अप्रैल की रात को ही पुंदाग ओपी में अपनी बेटी की गुमशुदगी को लेकर एक सनहा दर्ज कराया था. दो दिनों तक पुलिस उसे खोज नहीं पायी. तीसरे दिन अफसाना की लाश नगजुआ गांव से मिली. हालांकि, परिजन भी इस बात से अनजान थे कि आखिर अफसाना रांची से लोहरदगा कैसे पहुंची.

परिजनों ने की शव की पहचान

9 अप्रैल को केरो थाना क्षेत्र से एक शव मिलने पर लोहरदगा पुलिस ने उसे अज्ञात मानते हुए रिम्स भिजवा दिया. तभी लोहरदगा पुलिस को सूचना मिली कि रांची से एक छात्रा छह अप्रैल से गायब है. वहां से पुंदाग ओपी को सूचना दी गई. जिसके बाद यहां परिजनों को शव दिखाया, लेकिन वह बुरी तरह जला हुआ था. दाएं पैर पर मस्सा, हाथ का ब्रेसलेट, चप्पल और बैग से परिजनों ने अफसाना के रूप में उसकी पहचान की. पुलिस ने पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया.

फॉर्म भरने की अफसाना की बात झूठी निकली

परिजनों ने पुलिस को बताया था कि वह 6 अप्रैल को घर से 11:30 बजे यह कह कर निकली थी कि उसे कॉलेज में फॉर्म भरना है. जब पुलिस मारवाड़ी कॉलेज जांच करने पहुंची तो पता चला कि घटनावाले दिन अफसाना कॉलेज पहुंची ही नहीं थी. यह भी जानकारी मिली कि कॉलेज में कोई फॉर्म नहीं भरा जा रहा था. अफसाना के पास कोई मोबाइल फोन भी नहीं था, इस वजह से पुलिस को जांच में अब यह परेशानी आ रही है कि वह किसके साथ बात करती थी.

टीओपी का घेराव और नारेबाजी

9 अप्रैल को स्थानीय लोगों ने शाम छह बजे पुंदाग टीओपी का घेराव किया था. टीओपी के बाहर जम कर नारेबाजी भी हुई. इस दौरान लोगों ने हत्यारे की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की. काफी देर तक टीओपी में हंगामा होता रहा. इस क्रम में लोगों ने सड़क जाम भी कर दिया. मौके पर पहुंचे हटिया डीएसपी ने 24 घंटे के भीतर कार्रवाई का आश्वासन दिया, तब जाकर लोगों ने जाम हटाया था.

अलबर्ट एक्का चौक पर प्रदर्शन कर छात्रों ने हत्यारों की जल्द गिरफ्तारी की मांग की थी

मारवाड़ी वीमेंस कॉलेज की छात्राओं ने 9 अप्रैल को अफसाना परवीन को इंसाफ दिलाने के लिए अलबर्ट एक्का चौक पर प्रदर्शन किया था. छात्र-छात्राओं ने मांग की कि अफसाना के हत्यारों को जल्द गिरफ्तार किया जाए, नहीं तो वे लोग बैठ कर आगे की रणनीति बनाएंगे. इसके बाद छात्राओं ने कोतवाली थाने में आकर भी प्रदर्शन किया. जब कोतवाली थानेदार श्यामानंद मंडल ने उन्हें समझाया कि पुलिस इस पर लगातार काम कर रही है. तब छात्र-छात्राएं वहां से हटे थे.

जानिए कब क्या हुआ था

6 अप्रैल को घर से निकली थी कॉलेज के लिए फिर लौट कर नहीं आयी घर

7 अप्रैल को पुंदाग ओपी में माता-पिता ने लापता होने का सनहा दर्ज कराया

8 अप्रैल को लोहरदगा के कैरो थाना क्षेत्र के नगजुआ गांव से अधजला शव मिला

9 अप्रैल – स्थानीय लोगों में आक्रोश, हत्यारों का नहीं चला पता

10 अप्रैल को स्थानीय लोगों ने अरगोड़ा चौक पर किया विरोध प्रदर्शन

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