JharkhandLead NewsRanchi

आरोप : अनुदान के नाम पर 70 प्रतिशत अधिक दर से खरीदे जा रहे हैं किसानों के उपकरण

कृषि विभाग ने अंदरखाते शुरू करवाई जांच

Ranchi: कृषि विभाग द्वारा किसानों को अनुदान में मिलने वाले कृषि उपकरणों की खरीद में घोटाले का मामला सामने आ रहा है. इसकी भनक लगने के बाद विभाग सतर्क हो गया है ओर इस दिशा में अंदरूनी जांच की जा रही है. विभाग द्वारा बाजार से 50 से 70 प्रतिशत अधिक दर पर करोड़ों के उपकरण खरीदे जा रहे हैं. इनमें पंपसेट, राइस हालर, मिनी राइस मील समेत कई अन्य कृषि उपकरण शामिल हैं.

इसे भी पढ़ेंःJHARKHAND NEWS: 100 दिन की क्लास रूम पढाई कर, लगभग सात लाख स्टूडेंट्स देंगे मैट्रिक-इंटर परीक्षा

इन उपकरणों की खरीद रघुवर दास की सरकार के समय से ही हो रही है, और अभी भी जारी है. इन खरीदारियों की अब जांच कराने की मांग की जा रही है. प्रदेश में सत्ताधारी राजद की ओर से भी जांच की मांग की जा रही है. राजद की ओर से कृषि मंत्री बादल को लिखे पत्र में बताया गया है कि अधिकारियों की मिलीभगत से महंगे दाम पर कृषि उपकरण खरीदे जा रहे हैं. इससे किसानों को नुकसान व अफसरों को फायदा पहुंच रहा है.

 

पार्टी के अल्पसंख्यक प्रकोष्ठ के अध्यक्ष इंत्याज हुसैन वारसी ने बताया कि गरीब किसानों को अनुदान पर पंपसेट, राइस हालर, मिनी राईस मील व कृषि उपकरण दिया जाता है, इसकी खरीददारी में अनियमितता बरती जा रही है.

इसे भी पढ़ेंःपढ़िये क्यों? एक पिता ने अपनी बेटी का जीते-जी कर दिया अंतिम संस्कार

कृषि विभाग के अन्य ब्रांच में भी घोटाले की कहानी नई नहीं है. इसी में सहकारिता विभाग के कोपरेटिव बैंक में करोड़ो रुपए का घोटाला कई चीजों को बयां करता है. सहकारिता विभाग में घोटालों की लंबी सूची है, जो कम होने के बजाए बढ़ता जा रहा है. सूत्रों के अनुसार उपकरणों की खरीद में भी करोड़ों का घोटाला होने की उम्मीद जतायी जा रही है.

Advertisement

Related Articles

Back to top button
%d bloggers like this: