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24 महिला कृषकों का दल इजरायल के लिए हुआ रवाना

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  • उत्साहित महिलाओं का समूह सीएम से मिलने पहुंचा, सीएम ने कहा- हर क्षेत्र में दीदियां बेहतर काम कर रही हैं

Ranchi : जो महिला किसान कभी रांची भी नहीं आयी थीं, वे रविवार को इजरायल रवाना हुईं. इससे पहले उन महिलाओं में गजब का उत्साह नजर आ रहा था. इन महिलाओं में कुछ सीखकर आने का जज्बा साफ झलक रहा था. इजराइल जा रहीं इन महिलाओं ने बताया कि वे कभी रांची भी नहीं आयी थीं, लेकिन उन्हें इजरायल जाने का मौका मिला है. महिलाएं इजरायल के लिए रवाना होने से पहले मुख्यमंत्री रघुवर दास से मिलने आयी थीं. कई महिलाओं ने बताया कि वे पहली बार अपने गांव से बाहर निकल रही हैं. महिलाओं ने बताया कि किस प्रकार इजरायल जाने के लिए उन्होंने उत्साह के साथ अपना पासपोर्ट बनवाया. गांव और परिवार के लोग काफी आश्चर्यचकित थे. वे लोग रांची के लिए रवाना हो रही थीं, तो पूरा गांव उन्हें छोड़ने बस स्टैंड तक आया था.

54 पुरुष कृषक के बाद अब 24 महिला कृषक इजरायल के लिए रवाना

54 पुरुष कृषकों के बाद अब 24 महिला किसानों का एक दल इजरायल के लिए रवाना हुआ. सभी महिला किसान इजरायल जाने से पहले मुख्यमंत्री रघुवर दास से मिलने पहुंचीं. उनसे मिलने के बाद मुख्यमंत्री रघुवर दास ने कहा, “इन महिलाओं का उत्साह और जोश देखकर मैं भी काफी उत्साहित हूं. हमारी बहनों को देखकर यह कहा जा सकता है कि झारखंड को आनेवाले समय में आगे बढ़ने से कोई नहीं रोक सकता. हमारी दीदियां हर काम में आगे हैं. चाहे खेती हो, उद्योग हो, पशुपालन हो या बागवानी, हर काम हमारी झारखंड की महिलाएं काम कर रही हैं.” उन्होंने बताया कि किसान अपनी फसलों की पैदावार को और ज्यादा उन्नत करें, इसी जानकारी के लिए किसानों को इजरायल भेजा जा रहा है. पहले चरण में अभी 24 महिलाएं जा रही हैं. उन्नत कृषि की तकनीक सीखकर वे अपने क्षेत्र में किसानों को नयी तकनीक के बारे में जानकारी देंगी.

कृषि विकास दर 4.5 से बढ़कर 14 प्रतिशत पहुंची

मुख्यमंत्री ने कहा कि झारखंड के सभी किसान भाई-बहनों की मेहनत का ही नतीजा है कि जहां हमारी सरकार बनने के पहले कृषि विकास दर 4.5 प्रतिशत थी, वहीं चार वर्षों में सभी के अथक प्रयास से यह विकास दर 14 प्रतिशत से भी ज्यादा हो गयी. चार वर्ष में जो लंबी छलांग हमलोगों ने लगायी है, वह देश के अन्य किसानों के लिए प्रेरणास्रोत है. अगर हम उन्नत तकनीक का उपयोग करें, तो हमारी आय दोगुनी नहीं, चौगुनी होगी.

बच्चों की तरह जिज्ञासु बनकर घूमें और प्रश्न पूछें

मुख्यमंत्री ने कहा कि जिंदगी में लक्ष्य हमेशा बड़ा रखना चाहिए. उन्होंने सभी कृषक महिलाओं को सीख देते हुए कहा कि आप जब इजरायल जायें, तो बच्चों की तरह जिज्ञासु बनकर सभी स्थानों पर घूमें. जानकारी इकट्ठा करें, मन में जो भी प्रश्न आये, वहां जरूर पूछें. को-ऑपरेटिव फार्मिंग के बारे में भी अच्छे से समझें. को-ऑपरेटिव फार्मिंग को हमें झारखंड में भी बढ़ावा देना है. इसके अलावा इजरायल में ड्रिप इरिगेशन के माध्यम से कैसे खेती होती है. सूक्ष्म सिंचाई योजना से आज इजरायल कैसे हरा-भरा देश हो गया है, कैसे एक रेगिस्तान देश टपक योजना से आज पूरी दुनिया को सब्जी खिला रहा है. इन सभी बिंदुओं पर सीएम ने विस्तार से जानकारी एकत्र करने को कहा.

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