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6 सालों में फिर से कैसे हो गया नागा बाबा खटाल में अतिक्रमण, जबकि बगल में है प्रशासन

Subhash Shekhar, Ranchi :  राजभवन के पास स्थित नागा बाबा खटाल में एक बार फिर से अतिक्रमण हटाया गया. इसके पहले यहां पर 28 मार्च 2011 को नागा बाबा खटाल से बलपूर्वक अतिक्रमण हटाया गया था. तब प्रशासन के बुलडोजर से बहुमंजिली इमारतों सहित 80 मकानों को जमीनदोज कर दिये गये थे. अब एक बार फिर से करीब साढ़े छह साल बाद फिर से इस जगह से अतिक्रमण हटाया गया.

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6 सालों में कैसे हुआ फिर से अतिक्रमण

जब 2011 में नागा बाबा खटाल से अतिक्रमण हटाया गया था, तब इसका बहुत विरोध हुआ था. रांची नगर निगम की ओर से यह भी कहा गया था कि वहां पर सब्‍जी बेचने वालों के लिए नया मार्केट बनेगा, जहां कई तरह की सुविधायें होंगी. नगर निगम प्रशासन का दिखाया यह सपना आज तक पूरा नहीं हुआ.

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नगर निगम का डंपिंग यार्ड बन कर रह गया

नागा बाबा खटाल अतिक्रमण मुक्‍त होने के बाद सब्‍जी मार्केट बनाने की फाइलें दफ्तरों में धूल फांकती रहीं. दूसरी ओर नगर निगम ने कुछ सालों तक अपनी सफाई करने वाली एजेंसी को वाहनों का डंपिंग यार्ड के रूप में सौंप दिया. उसी समय से यहां पर अतिक्रमण शुरू हो गया. फिर से यहां पर खटाल के शेड बनने शुरू हो गये. धीरे-धीरे यह कूड़ा-कचरा का ढेर बनता गया. डंपिंग यार्ड में स्‍क्रैप और कबाड़ वाहनों का गैराज बनता गया.

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वीवीआईपी क्षेत्र से घिरा है नागा बाबा खटाल

नागा बाबा खटाल का यह ए‍रिया वीवीआईपी क्षेत्रों से घिरा है. एक तरफ सटा हुआ राजभवन है तो दूसरी ओर जिला और पुलिस मुख्‍यालय. एसबीआई का क्षेत्रीय कार्यालय बगल में ही है. कुछ ही दूरी पर सीसीएल का मुख्‍यालय भी है.

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जमीन वापसी के लिए कोर्ट में भी पीआईएल

एक ओर यहां फिर से खटाल बनने लगी, वहीं दूसरी ओर यहां के पुराने वासिंदे कानूनी लड़ाई पर भी उतर गये और हाईकोर्ट में अपनी जमीन वापसी के लिए दावा करने लगे. प्रार्थी मनोज यादव ने याचिका दायर की. याचिका में कहा गया कि शिव मंदिर ट्रस्ट की जमीन पर पिछले 40-50 वर्षों से लोग रहते आ रहे हैं. सभी लीजधारी थे. उपायुक्त ने ट्रस्ट की जमीन को लावारिस खाता घोषित कर सरकार की जमीन घोषित कर दिया. शिव मंदिर ट्रस्ट को नागा बाबा खटाल की जमीन पालकोट राजा से दान में मिली थी. ट्रस्ट की अध्यक्षता रांची के न्यायायुक्त करते थे. 

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मठ लेता था खटाल का किराया

नागा बाबा मठ को केयर टेकर बनाया गया था. मठ द्वारा लगातार किराया लिया गया. खटाल की जमीन के मामले में पटना हाइकोर्ट व झारखंड हाइकोर्ट ने भी पूर्व में आदेश पारित किया है. बाद में उपायुक्त ने सीएनटी एक्ट की धारा 73 के तहत ट्रस्ट की जमीन को लावारिस खाता का घोषित कर सरकारी जमीन बना दिया. अतिक्रमण हटाओ अभियान चला कर शांतिपूर्वक रह रहे ट्रस्ट के लीजधारियों को बिना नोटिस दिये और पक्ष सुने बिना जबरन हटा दिया गया.

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नागा बाबा खटाल में बनेगा रातू रोड के न्‍यू मार्केट के दुकानदारों के लिए बाजार

रांची नगर निगम ने अतिक्रमण हटाने के बाद फिर से दावा किया है कि यहां नया मॉडर्न मार्केट ही बनेगा. सब्जी विक्रेताओं को कारोबार के लिए जगह दी जाएगी. सरकारी पहल पर रांची नगर निगम ने इसकी तैयारी शुरू की है. रांची नगर निगम की मेयर आशा लकड़ा ने बताया कि रातू रोड फ्लाई ओवर बनेगा तो न्‍यू मार्केट को भी हटाया जायेगा. तब वहां के दुकानदारों को भी इसी नये मार्केट में जगह दी जायेगी.

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