Lead NewsOFFBEAT

बीच चौराहे उगाया था 4 मीटर लंबा ‘आलू’, न्यू ईयर पर दारूबाजों ने कर दिया बर्बाद!

New Delhi : नए साल की धूम अब शांत हो गई है. कोरोना के बीच देखते ही देखते 2020 से 2022 की एंट्री हो गई. नए साल पर हर कोई अपने तरीके से सेलिब्रेशन करता है. किसी को फैमिली के साथ वक्त बिताना अच्छा लगता है तो कई लोग दोस्तों के साथ मौज-मस्ती करने चले जाते हैं.

लेकिन कई बार नए साल का ये सेलिब्रेशन मुसीबत की जड़ बन जाता है. सोशल मीडिया (Social Media) पर कुछ खुराफातियों की ऐसी ही हरकत वायरल हो रही है. 1 जनवरी को साइप्रस के चौराहे पर बनाए गए बिग पोटैटो स्कल्प्चर (Big Potato Sculpture) को कुछ लोगों ने नशे में तोड़ दिया.

इसे भी पढ़ें:BREAKING : झारखंड में शिक्षण संस्थान बंद रहेंगे, जानें कौन-कौन सी पाबंदियां लगायी गयीं

साइप्रस के Xylophagou गांव में बना ये बड़े आलू वाला स्कल्प्चर

साइप्रस के Xylophagou गांव के चौराहे पर बना ये बड़े से आलू वाला स्कल्प्चर बीते साल अक्टूबर में चर्चा में आया था. आने-जाने वालों की नजर जब इस स्कल्प्चर पर पड़ी तो सब हैरान रह गए. पहली नजर में ये किसी असली आलू जैसा दिखाई दे रहा था. हालांकि, जब क़रीब से देखा गया, तब पता चला कि ये आलू का स्कल्प्चर है.

ये स्पूनटा प्रजाति का आलू था जिसे क्रिसमस के दिन सजाया भी गया था. लेकिन न्यू ईयर की रात इसे कुछ लोगों ने बीच से तोड़ दिया.

इसे भी पढ़ें:बंगाल सरकार को सुप्रीम कोर्ट से झटका, सुवेंदु अधिकारी को गिरफ्तारी से सुरक्षा देने खिलाफ याचिका खारिज

ये है मामला

इसे आलू को जॉर्ज तासू नाम के शख्स ने बनाया था. जानकारी के मुताबिक़, घटना वाले दिन खुद जॉर्ज उस जगह पर रात के 2 बजे तक खड़े थे.

इसके बाद सुबह तक के लिए उन्होंने किसी और को उसकी निगरानी के लिए छोड़ दिया था. लेकिन जब अगली सुबह लोगों की आंख खुली तो उन्होंने देखा कि आलू को किसी ने बर्बाद कर दिया था. उसे बीच से तोड़ दिया गया था. इससे करीब 4 लाख 21 हजार की लागत में तैयार किये गए इस आलू का नुकसान हो गया.

इसे भी पढ़ें:सचिवालय में भी कोरोना की धमक, मनरेगा सेल के कर्मी संक्रमित पाये गये, हड़कंप

क्रिसमस पर आलू को लाइट्स से सजाया भी गया था

इस घटना से जॉर्ज काफी दुखी हो गए हैं. उन्होंने पुलिस में मामला दर्ज करवा दिया है. बीते साल अक्टूबर में जब जॉर्ज ने इस आलू को बनाया था तब उन्होंने मीडिया को इसका मतलब समझाया था. उन्होंने बताया लंबे समय से ये गांव आलू का उत्पादन कर रहा है. आलू की वजह से ही ये गांव तरक्की कर रहा है.

ऐसे में आलू के महत्व को दर्शाने के लिए इस स्कल्प्चर को बनाया गया था. लेकिन अब इसे बर्बाद कर दिया गया है. पुलिस जाँच में जुट गई है कि आखिर किसने और क्यों इसे तोड़ डाला ?

इसे भी पढ़ें:खुलासा : तीसरी रेलवे लाइन बिछा रही कंपनी पर सुजीत सिन्हा और अमन साहू गैंग ने किये थे अलग-अलग हमले

Advt

Related Articles

Back to top button