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108 एंबुलेंस के चालक ने मरीज के परिजन से वसूले 600 रुपये

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  • गुमला के तुरियाडीह से बेटे का इलाज कराने रिम्स आयी थी महिला
  • एंबुलेंस के ड्राइवर ने सफाई के नाम पर ले लिये 600 रुपये
  • रिम्स के सुरक्षाकर्मियों की तत्परता से ड्राइवर ने महिला को लौटे सारे पैसे

Ranchi : गरीब मरीजों को जल्द से जल्द इलाज की सुविधा मिल सके, इसके लिए सरकार द्वारा निःशुल्क 108 एंबुलेंस की व्यवस्था की गयी है. लेकिन, झारखंड में इस 108 एंबुलेंस की सुविधा के लिए भी मरीज के परिजनों से शुल्क वसूला जा रहा है. मंगलवार को एक ऐसा ही मामला सामने आया. गुमला से अपने बच्चे का इलाज कराने रिम्स आयी एक महिला से 108 एंबुलेंस के ड्राइवर ने 600 रुपये वसूल लिये. एंबुलेंस के ड्राइवर और कर्मचारी ने उस महिला से सफाई के नाम पर 600 रुपये ले लिये.

पैसे लेने के बाद एंबुलेंस चालक वाहन लेकर वापस जाने लगा, इसी बीच मरीज के परिजन ने रिम्स के सुरक्षाकर्मियों से इस बात की शिकायत की. सुरक्षाकर्मियों को जैसे ही मरीज के साथ ठगी होने की जानकारी मिली, उन्होंने बिना समय गंवाये एंबुलेंस चालक को पकड़ लिया और पूछताछ करने लगे. पूछताछ के क्रम में एंबुलेंस चालक ने खुद स्वीकार किया कि वैसे तो मरीजों से पैसा नहीं लेना है, लेकिन एंबुलेंस की सफाई कराने के लिए उसने मरीज के परिजन से 600 रुपये लिये हैं. रिम्स के सुरक्षाकर्मियों के कहने पर 108 के एंबुलेंस चालक ने मरीज के परिजन को 600 रुपये वापस कर दिये और अपनी गलती के लिए माफी भी मांगी.

क्या है मामला

प्राप्त जानकारी के अनुसार गुमला जिला के तुरियाडीह से अपने बच्चे का इलाज कराने के लिए लालमनिया देवी मंगलवार को 108 एंबुलेंस से रिम्स पहुंचीं. 108 एंबुलेंस (जेएच 01 सीएक्स 3217) के चालक ने महिला को रिम्स पहुंचाने के बाद उससे 600 रुपये मांगे. महिला ने जब 108 एंबुलेंस के कर्मचारी से पूछा कि पैसे किस लिए ले रहे हैं, तो उसने कहा कि मरीज को अस्पताल पहुंचाने के बाद एंबुलेंस की सफाई करानी पड़ती है, जिसमें 600 रुपये खर्च होते हैं. उसके बाद ललमनिया देवी ने कर्मचारी को 600 रुपये दे दिये.

सुरक्षाकर्मियों ने बताया यह निःशुल्क सेवा है

जब ललमनिया ने कर्मचारी को पैसे देने की बात वहां खड़े रिम्स के सुरक्षाकर्मियों को बतायी, तो सुरक्षाकर्मियों ने कहा कि यह सेवा फ्री है. 108 एंबुलेंस से मरीज को अस्पताल पहुंचाने के लिए कोई पैसा नहीं देना पड़ता है.

चालक को करेंगे शोकॉज

इस मामले पर 108 का कार्य देख रही जिकित्जा कंपनी के ऑपरेशन मैनेजर धनेश्वर ने बताया कि  हमारे किसी चालक या कर्मचारी को किसी भी मरीज को सेवा देने के लिए कोई पैसा नहीं लेना है. यदि चालक ने ऐसा किया है, तो यह गलत है. हम चालक को शोकॉज करेंगे और उसका पुराना रिकॉर्ड देखेंगे. यदि उसने यह गलती पहली बार की है, तो उसे चेतावनी दी जायेगी, अन्यथा उसे कंपनी से निकाल दिया जायेगा. ऐसी गलती करनेवाले के लिए हमारी कंपनी में कोई स्थान नहीं है.

Mayfair 2-1-2020

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