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पर्यावरण मेले का शुभारंभ, सरयू राय ने की मांग, 2019 के लोकसभा चुनाव में पर्यावरण को चुनावी घोषणापत्र में शामिल करें सभी दल

Ranchi : दिन प्रतिदिन धरती का तापमान बढ़ रहा है और हमें बेचैनी महसूस हो रही है. बढ़ते तापमान और बेचैनी के कारण का जिम्मेवार भी हम मनुष्य ही हैं. उक्त बातें पर्यावरण मेले के शुभारंभ के दौरान दामोदर बचाओ आंदोलन के सरंक्षक और झारखंड सरकार के मंत्री सरयू राय ने लोगों को संबोधित करते हुए कही. गौरतलब है कि रांची के आड्रे हाउस में एक सप्ताह तक पर्यावरण मेला का आयोजन किया गया है. मेले का शुभारंभ राज्यपाल द्रौपदी मुर्मू, पूर्व मुख्यमंत्री अर्जुन मुंडा, झारखंड सरकार के मंत्री सरयू राय और केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अध्यक्ष एसपी सिंह परिहार ने किया.

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जंगल नहीं रहेंगे तो जनजातियां भी नहीं बचेंगी : राज्यपाल

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कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि उपस्थित राज्यपाल द्रौपदी मुर्मू ने कहा कि पर्यावरण विश्व के लिए सबसे बड़ी चुनौती है. पर्यावरण की अहमियत सिर्फ सरकारी एजेंडा ना बनें, इसके लिए काम भी करना पड़ेगा. उन्होंने कहा कि अल्ट्रावायलेट रेडिएशन से ओजोन लेयर में छिद्र हो रहा है, जिस कारण आज कैंसर के रोगियों की संख्या निरंतर बढ़ रही है. अपने संबोधन के दौरान राज्यपाल ने कहा कि सभी मानवों को पर्यावरण बचाने के लिए प्रयास करना होगा. वायु प्रदूषण के कारण मां के गर्भ में पल रहे बच्चे अस्वस्थ पैदा हो रहे हैं. पर्यावरण असंतुलन के कारण बाढ़ और सुखाड़ जैसी स्थिति बन रही है. सुनियोजित तरीके से शहरों का विकास किया जाए. उन्होंने कहा कि ग्लोबल वार्मिंग के कारण ग्लेशियर पिघल रहा है, जिससे फसल चक्र खराब हो रहा है. परिवहन के साधन के साथ वृक्षारोपण में वृद्धि की जरूरत है. विकास के साथ पर्यावरण का भी ख्याल मानव समाज को रखना होगा. जंगल नहीं रहेंगे तो जनजातियां भी नहीं बचेंगी

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 पर्यावरण के प्रति चुनौतियों को समझना आवश्यक: अर्जुन मुंडा

सभा को संबोधित करते हुए पूर्व मुख्यमंत्री अर्जून मुंडा ने कहा कि पर्यावरण के प्रति जो चुनौतियां है इसे समझना आवश्यक है. अपने संबोधन के दौरान मुंडा ने कहा कि दुनिया में सभी स्तरों पर पर्यावरण बदल रहा है और इससे सभी लोग चिंतित हैं. लोगों को समझना होगा कि वातावरण में परिवर्तन का श्रोत क्या है. उन्होंने कहा कि झारखंड के प्राकृतिक सौंदर्य की चर्चा पूरी दुनिया में है, लेकिन झारखंड के लोग अनजान हैं. इससे बाहर निकलना होगा और पर्यावरण को बचाना होगा.

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बढ़ते तापमान के जिम्मेवार हम सब हैं

दामोदर बचाओ आंदोलन के संरक्षक और झारखंड सरकार के मंत्री सरयू राय ने कहा कि आज धरती का तापमान बढ़ रहा है और हमें बेचैनी महसूस होती है. धरती का तापमान और बेचैनी का कारण हम से ही बनता है. पर्यावरण मेला का उद्देश्य सरकार और समाज समझे कि अब चेतना जरूरी है. सरकार सड़क बनाने के नाम पर हजारों पेड़ काट देती है, लेकिन तकनीक का इस्तेमाल कर इसे बचाना पड़ेगा. उन्होंने कहा कि आज दामोदर नदी 95% तक साफ हुई है. 2019 के लोकसभा चुनाव में पर्यावरण को प्रमुखता से चुनावी घोषणा पत्र में शामिल करें सभी दल.    

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