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लॉज व हॉस्टल के लिए आए 65 आवेदन, 12 को ही मिली स्वीकृति, ऑनलाइन होगी प्रक्रिया

Ranchi : शहर में तेज गति से बनाए जा रहे अवैध हॉस्टल एवं लॉज मालिकों के खिलाफ रांची नगर निगम जल्द ही कठोर कार्रवाई करने जा रहा है. अवैध निर्माण कार्य को रोकने के लिए निगम ने कोलकाता स्थित वेस्ट बंगाल इलेक्ट्रॉनिक इन्डस्ट्रीज डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन लिमिटेड (वेबल) के साथ गत फरवरी माह में एक अनुबंध किया है. इससे हॉस्टल व लॉज के लिए निगम में आए आवेदन देने की प्रक्रिया को ऑनलाइन किया जायेगा.

Ranchi : शहर में तेज गति से बनाए जा रहे अवैध हॉस्टल एवं लॉज मालिकों के खिलाफ रांची नगर निगम जल्द ही कठोर कार्रवाई करने जा रहा है. अवैध निर्माण कार्य को रोकने के लिए निगम ने कोलकाता स्थित वेस्ट बंगाल इलेक्ट्रॉनिक इन्डस्ट्रीज डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन लिमिटेड (वेबल) के साथ गत फरवरी माह में एक अनुबंध किया है. इससे हॉस्टल व लॉज के लिए निगम में आए आवेदन देने की प्रक्रिया को ऑनलाइन किया जायेगा.

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नक्शा नहीं होने पर स्वीकृति देने से निगम ने किया था इनकार

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मालूम हो कि रांची में 600 से अधिक हॉस्टल और लॉज बिना रजिस्ट्रेशन के चल रहे हैं. इनमें 500 के करीब छोटे-बड़े हॉस्टल और लॉज सिर्फ लालपुर, वर्द्धमान कंपाउंड, थड़पकना, पुरुलिया रोड और कोकर में है. मामले को लेकर हाल ही में निगम की तरफ से कहा था कि जिन भवनों का नक्शा स्वीकृत्त नहीं है, उन भवनों में रांची नगर निगम लॉज या हॉस्टल संचालन की स्वीकृति नहीं देगा. निगम ने इन मालिकों को आदेश दिया है कि पहले वे अपने भवन का नक्शा लेकर आएं. उसके बाद ही निगम उन्हें लॉज या हॉस्टल चलाने की अनुमति देगा.

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65 में मिली 12 को स्वीकृति

हॉस्टल एवं लॉज को लेकर निगम के बाजार शाखा से आवेदन की जानकारी जब न्यूज विंग के संवाददाता ने ली तो पता चला कि वर्ष 2017-2018 एवं 2018-2019 के लिए कुल 65 ताजा आवेदन निगम के बाजार शाखा विभाग के पास आए हैं, जिसमें से केवल 12 को ही विभाग ने अभी तक स्वीकृति प्रदान की है. वहीं बाकी के मामलों में रांची नगर निगम की ओर से जांच की जा रही है. स्वीकृति नहीं देने का कारण विभाग द्वारा हॉस्टल एवं लॉज मालिकों द्वारा के पास प्लान या नक्शा नहीं होना बताया गया है.

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इन्हें दी गई है स्वीकृति

निगम द्वारा जिन हॉस्टल को स्वीकृति प्रदान की गई है, उनमें आदया गर्ल्स हॉस्टल दाल पट्टी चर्च रोड, संध्या ब्यॉज हॉस्टल लालपुर पीस रोड बाईलेन लालपुर, राय हॉस्टल लखराय गली मोरहाबादी, मॉडर्न गर्ल्स हॉस्टल न्यू अनंतपुर रोड नंबर-1 डोरण्डा, लभ्ली गर्ल्स हॉस्टल, बीएसटी हॉस्टल सेंकेंड स्ट्रीट चर्च रोड, सांईधाम गर्ल्स हॉस्टल नियर चेम्बर ऑफ कॉमर्स कडरु मोड़, सिपरा होम स्टे का नाम शामिल है.

217 के आसपास भवनों को मिली है सशर्त अनुमति

विभाग के अधिकारी ने बताया कि उपरोक्त 65 आवेदन के अलावा पहले से संचालित 400 हॉस्टल एवं लॉज मलिकों द्वारा लाइसेंस रिन्यूवल करने का आवेदन दिया गया था. इसमें करीब 217 आवेदन को सरकार की तरफ से सशर्त अनुमति प्रदान की गई है. हालांकि इसके लिए नक्शा की बाध्यता नहीं है, लेकिन विभाग की ओर से सरकार को चिट्ठी लिखी गई है एवं सरकार के जवाब के प्रत्याशा में ही इन आवेदनकर्ताओं को सशर्त अनुमति प्रदान की गई है.

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ऑनलाइन आवेदन कार्य के लिए किया अनुबंध, कार्यों में आएगी तेजी

हॉस्टल एवं लॉज, बैक्वेंट हॉल, धर्मशाला के लिए आए आवेदन के रजिस्ट्रेशन व रिन्यूवल के काम को ऑनलाइन बनाने के लिए निगम ने वेस्ट बंगाल इलेक्ट्रॉनिक इंडस्ट्रीज डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन लिमिटेड नामक कंपनी (वेबल) के एक साथ एक अनुबंध किया है. कंपनी के कार्यों की जानकारी देते हुए आईटी सेल विभाग के प्रमुख राजेश कुमार ने न्यूज विंग संवाददाता को बताया कि कंपनी द्वारा बनाए सॉफ्टवेयर के माध्यम से विभाग के सारे काम को ऑनलाइन किया जाएगा. इसके अलावा निगम क्षेत्र में स्थित सभी विज्ञापन होर्डिंग, निगम की संपत्ति का सर्वें कर सभी डेटा का संधारण भी कंपनी इसी सॉफ्टवेयर के माध्यम से करेगी.

कर्मियों सहित आम लोगों को होगी सहुलियत

निगमकर्मियों को पता लगाने में यह सुविधा होगी कि संबंधित होर्डिंग, हॉस्टल, लॉज आदि वैध है या अवैध. साथ ही निगम की परिसम्पत्ति सही लाइसेंसधारी के हाथों में है या उसका अतिक्रमण हो चुका है. इसके अलावा निगम की बाजार शाखा को ई ऑफिस के रूप में बदलने का प्रयास किया जाएगा. इससे आम जनता को भी काफी सुविधा होगी.

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