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चतरा में टीएसपीसी नक्सलियों का आतंक, कोयलांचल व अन्य प्रखंड मुख्यालयों में फेंके पुलिस विरोधी पर्चे

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संगठन के मोटरसाइकिल दस्ते ने रात के अंधेरे में फेंके पर्चे, दहशत का माहौल

एएसपी अभियान अश्विनी मिश्रा के हटाए जाने का दिखने लगा असर

पुलिस की बढ़ी बेचैनी, एसपी ने कहा बख्शे नहीं जाएंगे उग्रवादी, तेज होगा अभियान

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Chatra: अपर पुलिस अधीक्षक अभियान अश्विनी मिश्रा के हटाए जाने का साफ असर जिले में दिखने लगा है. एएसपी अभियान के हटने से उत्साहित नक्सली अब जिले के विभिन्न थाना क्षेत्रों के अलावा शहर व कोयलांचल इलाकों में अपनी दमदार उपस्थिति दर्ज कराने लगे हैं. शनिवार की रात जिले में पुलिस के लिए नासूर बन चुके तृतीय सम्मेलन प्रस्तुति कमेटी (टीएसपीसी) के मोटरसाइकिल दस्ते में शामिल उग्रवादियों ने चतरा शहर के अलावे कोयलांचल व कुंदा प्रखंड मुख्यालय में पर्चा फेंक कर पुलिस पर कई गंभीर आरोप लगाए हैं.

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नक्सलियों के दस्तक से दहशत में लोग

कोयलांचल टंडवा के अलावे चतरा शहर में नक्सलियों के दस्तक से लोग दहशत में हैं. शहर के अलावा विभिन्न इलाकों में फेंके पर्चे के माध्यम से टीएसपीसी नक्सलियों ने खुद को समाज का रक्षक बताते हुए पुलिस पर कई गंभीर आरोप लगाए हैं. पर्चे में नक्सलियों ने कहा है कि चतरा, लातेहार, पलामू व हजारीबाग में माओवादी व पुलिस दमन नीति अपना कर निर्दोष व आम जनता के ऊपर जुल्म करना बंद करे. इसके अलावे नक्सलियों ने यह भी कहा है कि एक समय था जब जिले की स्थिति नारकीय बनी हुई थी. भाकपा माओवादी नक्सली ग्रामीणों की हत्या कर रहे थे. पुलिस माओवादियों के विरुद्ध कार्रवाई के बजाए लाश गिनने में व्यस्त थी. स्थिति यह थी कि लोग सुरक्षा कारणों से जिले से पलायन कर रहे थे. टीएसपीसी के अनुसार माओवादियों के इसी नीति को देखते हुए चतरा, पलामू, लातेहार व हजारीबाग के ग्रामीण एकजुट होकर नक्सलियों के विरुद्ध मोर्चा खोला था. इस अभियान में कई निर्दोषों ने अपनी बलिदान भी दी थी.

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नक्सल मुक्त झारखंड बनाने का दावा करने वाली पुलिस आज खुद असुरक्षित

पर्चे में यह भी कहा गया है कि नक्सल मुक्त झारखंड बनाने का दावा करने वाली पुलिस आज खुद असुरक्षित है. पुलिस टीएसपीसी से जो भी हथियार बरामद कर रही है वह माओवादियों से छीना हुआ हथियार है. इसी हथियार के सहारे माओवादियों से लड़ रहे हैं. लेकिन पुलिस निर्दोष लोगों पर दमनकारी नीति अपनाते हुए फर्जी मुकदमा व फर्जी एनकाउंटर जैसी नीति अपना रही है. गरीबों का जल-जंगल-जमीन छीना जा रहा है. उसका विरोध करने वाले लोगों पर प्रशासन लाठी, डंडा व गोलियां चला रही है.

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पुलिस जनता की रक्षक बनें भक्षक नहीं

पर्चे के माध्यम से टीएसपीसी नक्सलियों ने कहा है कि पुलिस जनता की रक्षक बने भक्षक नहीं. टीपीसी ने संगठन के सुप्रीमो गोपाल सिंह भोक्ता को समाज सेवी करार देते हुए पुलिस पर झूठे मुकदमे में फंसाने का आरोप लगाया है. पर्चा में न्याय प्रिय मेहनतकश, शोषित पीड़ित मजदूर, किसान, आम जनता, पत्रकार सहित समाज के सभी लोगों से भाकपा माओवादी व पुलिस की तानाशाही रवैया पर रोक लगाने के लिए आगे आने की अपील की गई है.

नक्सल विरोधी अभियान में आएगी तेजी, नक्सलियों का होगा सफाया

चतरा शहर के अलावे कोयलांचल व अन्य प्रखंडों में पर्चा फेंककर दहशत फैलाने वाले नक्सलियों पर जल्द कार्रवाई होगी. पुलिस अधीक्षक अखिलेश वी वारियर ने कहा कि जिले में शांति व्यवस्था प्रभावित करने की इजाजत किसी को नहीं दी जाएगी. नक्सलियों के धर पकड़ को लेकर अभियान तेज किया जाएगा.

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