तिरहुत डायरी

मानो अंग्रेजी अनुवाद नहीं होता तो कालिदास अभी तक किसी पेड़ की डाली पर बैठ कर डाल काट रहे होते

Publisher NEWSWING DatePublished Sat, 06/16/2018 - 10:02

खट्टरकाका की डायरी से 
Vijay deo jha

जब कभी कालिदास के अभिज्ञान शाकुंतलम की चर्चा होती है तो भारत के बुद्धिजीवी और साहित्यकार कालिदास के अधिक विलियम जोन्स की तारीफ करते हुए भावुक हो जाते हैं.

मैथिल समाज मेमोरी लॉस के उस उच्चतम स्टेज तक पहुंच चुका है जहां उसे कुछ भी याद नहीं

Publisher NEWSWING DatePublished Wed, 05/09/2018 - 12:04

Vijay deo jha

सन 2008 में जब कोशी कोसी  में बाढ़ की वजह से  मिथिला का एक बहुत बड़ा हिस्सा तबाह हुआ था.  उस समय  मैंने कोशी पर एक  ब्लॉग लिखा था कि कैसे स्वतंत्रता से पूर्व  और  यहां तक की  बाद में दिल्ली और बिहार की सरकार ने मिथिला को कोसी की तबाही से जूझने के लिए बेसहारा छोड़ दिया था. इस आलेख पर पत्रकार हितेंद्र गुप्ता की नजर पड़ी और उन्होंने अपने ब्लॉग हेलो मिथिला में इसे छापा था.

यह सूचना सिर्फ जानकारी देने के लिए है कि राज दरभंगा ने कैसे कैसे कुलीनता का व्यापार किया था

Publisher NEWSWING DatePublished Wed, 05/02/2018 - 10:26

खट्टार काका की डायरी से
मैथिली में एक व्यंग्योक्ति है "बड़े धारे झा बने फिरते हैं" मतलब की आप बड़े प्रतिष्टित और कलामी होने का दावा करते हैं. अब धारे झा कौन ऐसा क्या इकबाल रखते थे. धारे झा उन कई सारे झा चौधरी जैसों में से थे, जिनकी वफादारी खण्डवला शासक कुल के लिए थी. और राज दरभंगा ने उनको वफादारी का इनाम इस तरह से दिया कि उन्हें अपने नाम पर पांजि (कुल) चलाने की अनुमति दी. पांजि बस्तुतः मैथिल ब्राह्मणों के कुलीनता का द्योतक है. 
अब ऐसे बन गया धारे झा पांजि. धारे झा महाराज माधव सिंह के मौसेरे भाई थे. जिन्हें महाराज ने सौराठ गांव में बतौर पंजीकार बसाया था. 

अंग्रेजिया कॉलेजिया बाबू हो, बुद्धि, शिक्षा और संस्कार से च्युत हो, अगर तुम्हारा मूल-गोत्र व पुरखे का नाम पूछ दिया जाए तो दाँत निपोड़ लोगे

Publisher NEWSWING DatePublished Tue, 04/17/2018 - 09:53
"खट्टरकाका "की डायरी से Vijay deo jha खट्टारकका: आबह सी.सी. आई तोहर मोन किएक उतरल छौ। सी.सी. मिश्रा: मोन इसलिए झुंझुआन और कोनादन कर रहा है कि आई मधुबनी पेंटिंग से सज्जनित मधुबनी रेलवे स्टेशन गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड में स्थान स्थान बनाने से चूक गया। 7000 वर्ग फ़ीट दीवाल पर 180 कलाकारों ने दिनरात मेहनत कर मधुबनी पेंटिंग बनाया लेकिन रेलवे के हाकिम इतने ही मुर्खाधिपति थे कि उन्होंने रेकॉर्ड बनाने के अभियान की शुरुआत से पहले गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड में जरूरी रजिस्ट्रेशन करबाया ही नहीं था। सब उदास हैं।

गरियाने से मिथिला का विकास हो जाता है तो आईये हम सब मिलकर सियार की तरह हुँआ-हुँआ करें

Publisher NEWSWING DatePublished Sat, 04/14/2018 - 12:02
"खट्टरकाका" की डायरी से Vijay deo jha हुलेले करने से अगर मिथिला राज बन जाता है मिथिला का विकास हो जाता है. बिना इतिहास की जानकारी रखे गरियाने से मिथिला का विकास हो जाता है तो आईये हम सब मिलकर सियार की तरह हुँआ-हुँआ करें. चुनाव का समय नजदीक है तो फाँकीबाज दिल्ली में मिथिला के विकास और रोडमैप पर सेमिनार करेंगें. तमगा देने में पैसा खर्च नहीं होता है इसलिए कुछ लोग भावविभोर होकर एक नेता को मिथिला का दुसरा ललित नारायण मिश्र कह प्रचारित कर रहे हैं.
7ocean

 

international public school

 

TOP STORY

बिहार के माथे पर एक और कलंक, चपरासी ने 8,000 रुपये में कबाड़ी को बेची थी 10वीं परीक्षा की कॉपियां

स्वच्छता में रांची को मिले सम्मान पर भाजपा सांसद ने ही उठाये सवाल, कहा – अच्छी नहीं है कचरा डंपिंग की व्यवस्था

तो क्या ऐसे 100 सीटें बढ़ायेगा रिम्स, न हॉस्टल बनकर तैयार, न सुरक्षा का कोई इंतजाम, निधि खरे ने भी लगायी फटकार

पत्थलगड़ी समर्थकों ने किया दुष्कर्म, फादर सहित दो गिरफ्तार, जांच जारीः एडीजी

स्वच्छता सर्वेक्षण की सिटीजन फीडबैक कैटेगरी में रांची को फर्स्ट पोजीशन, केंद्रीय मंत्री ने किया पुरस्कृत

J&K: बीजेपी विधायक की पत्रकारों को धमकी, कहा- खींचे अपनी एक लाइन

दुनिया की सबसे बड़ी ऑनलाइन मेगा परीक्षा कराने जा रही है रेलवे, डेढ़ लाख लोगों को मिलेगा रोजगार

“महिला सिपाही पिंकी का यौन शोषण करने वाले आरोपी को एसपी जया रॉय ने बचाया, बर्खास्त करें”

यूपीः भीषण सड़क हादसे में एक ही परिवार के पांच लोगों की मौत

सरकार जमीन अधिग्रहण करेगी और व्यापक जनहित नाम पर जमीन का उपयोग पूंजीपति करेगें : रश्मि कात्यायन

16 अधिकारियों का तबादला, अनिश गुप्ता बने रांची के एसएसपी, कुलदीप द्विवेदी गए चाईबासा