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Opinion

Article by our Columnists

'कानूनी फैसले से हल नहीं हो सकता अयोध्या विवाद'

सर्वोच्च न्यायालय द्वारा राम जन्मभूमि-बाबरी मस्जिद मुद्दे की त्वरित सुनवाई करने से इनकार करने और इस मामले का हल अदालत से बाहर बातचीत के माध्यम से निकालने का निर्देश देने के बाद स्पष्ट हो गया है कि मुद्दे का कानूनी समाधान संभव नहीं है। सन् 1993 में अपने फैसले में सर्वोच्च न्यायालय ने यह संकेत दिया

क्यों न अमेरिका की तरह अपनाई जाए राष्ट्रपति प्रणाली?

नई दिल्ली: आज अपने देश में अमेरिका की तर्ज पर राष्ट्रपति शासन प्रणाली अपनाए जाने की जरूरत महसूस की जाने लगी है, क्योंकि हमारी मौजूदा संसदीय प्रणाली में ऐसी कई खामियां हैं जो हमें इसका विकल्प तलाशने को कह रही हैं। इस बारे में कुछ ऐसे प्रश्न हैं जो हर भारतीय के जहन में उठ रहे हैं। इन सवालों के जवाब

मोदी सरकार की सबसे बड़ी असफलता बनने की ओर कश्मीर

देश में आर्थिक विकास को गति देने, उद्योगों को बढ़ावा देने, निवेश को आकर्षित करने और देश के अंदर सकारात्मक माहौल तैयार करने को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार पर शायद ही संदेह किया जा रहा हो, लेकिन जम्मू एवं कश्मीर के मौजूदा हालात में सुधार के लिए अगर जल्द ही कोई कदम नह

Conundrum over Triple Talaq!

Ever since Rashtrya Muslim Mahila Manch, an outfit of RSS, approached the Supreme Court of India in 2016, the NDA Union Government has been indulging in aggressive campaign against Muslims over instant Triple Talaq and how it endeavours to get Muslim women justice with equity and fair-play.

Communal riots in 2016!

India witnessed 703 communal riots during the calendar year 2016 in which 86 persons lost their lives and 2321 people injured compared to 752 communal incidents in 2015, 644 communal strife in 2014, 694 in 2013 and 668 in 2012.

तमिलनाडु : बदहाल हैं अम्मा के किसान पुत्र

देश की अर्थव्यस्था में कृषि का व्यापक योगदान है, लेकिन कृषि और किसान कभी भी राजनीति की चिंता नहीं बना, हालांकि उसकी बदहाली पर राजनीति खूब की जाती है और घड़ियाली आंसू बहाए जाते हैं। किसानों की अंतहीनपीड़ा को केवल वोट बैंक तक सीमित रखा जाता है।

माल्या को ला पाने की राह नहीं आसां

विजय माल्या ने शराब कारोबारी से उद्योगपति की बनने की चाह में अपने फरेबी पंखों से यूं उड़ान उड़ी कि चुटकियों में देश को 9 हजार 400 करोड़ रुपये का चूना लगा दिया। शराब कारोबारी को भारत में अच्छी निगाह से नहीं देखा जा रहा था, सो उसने दूसरी ओर रुख किया और देश छोड़कर लंदन में जा बसा।

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लॉस एंजेलिस: पॉप गायिका ब्रिटनी स्पीयर्स के उस वक्त होश उड़ गए, जब वह रसोई में खड़ी थी और किसी ने...

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