सरायकेला में जमीन घोटाला,107 सरकारी प्लॉट का हुआ गलत तरीके से निबंधन, कार्रवाई के लिए डीसी ने सरकार को लिखा

Publisher NEWSWING DatePublished Sat, 06/09/2018 - 12:49

Ranchi/Saraikela: सरायकेला-खरसांवा में कुछ लोग निबंधन कार्यालय के आला अधिकारी के साथ मिलकर सालों से सरकारी जमीन का घोटाला कर रहे थे. जांच में पाया गया है कि अभी तक निबंधन कार्यालय के साथ मिलकर 107 सरकारी प्लॉट का निबंधन निजी लोगों को कर दिया गया. सालों से चले आ रहे इस गोरखधंधे पर जिले की डीसी छवि रंजन की नजर 11 जनवरी 2018 को पड़ी, जब वो निबंधन कार्यालय का औचक निरीक्षक करने पहुंचे. घोटाले की भनक लगने के बाद उन्होंने पूरे प्रकरण की जांच करने का जिम्मा एसडीएम को सौंपा. एसडीएम की जांच में जो बात सामने आए हैं. उससे साबित होता है कि जिले में सालों से जमीन घोटाला हो रहा था और कोई रोकने वाला नहीं था. जानकार बताते हैं कि इन घोटालों के जरिए जमीन दलालों ने करोड़ों रुपए बनाए.

इसे भी पढ़ें - एक्सपायर हुआ नेपाल हाउस का अग्निशमन यंत्र, आग लगी तो भगवान भरोसे सुरक्षा

अवर निबंधक के साथ मिलकर किया घोटाला

एसडीएम की जांच में ये सामने आया है कि निबंधन कार्यालय की मिलीभगत से ही जमीन घोटाले को अंजाम दिया जा रहा था. इस काम में अवर निबंधक पर जमीन दलालों के साथ होने का आरोप लगा है. जांच रिपोर्ट आने के बाद ये साफ हुआ है कि 22 जून 2015 को निबंधन कार्यालय को प्रतिबंधित खातों की जानकारी मिली. फिर भी प्रतिबंधित जमीन की जमाबंदी नहीं रुकी. अवर निंबधक और जमीन दलालों ने जैसे चाहा वैसा काम किया. अब तक करीब 107 प्लॉट का गलत तरीके से निंबधन कर लोगों को बेच दिया गया. प्रतिबंधित जमीन की जानकारी मिलने के बावजूद अवर निबंधक ने 17 प्रतिबंधित प्लॉट का निबंधन कर दिया. जबकि प्रतिबंधित जमीन की सूची मिलने के बाद पहले से हुए गलत निबंधन पर कार्रवाई करना चाहिए था.

इसे भी पढ़ें - मोदी जी की सैकड़ों विदेश यात्राओं से क्या हासिल हुआ ?

सिंडिकेट बनाकर दलाल करते थे जमीन बेचने का काम

जांच रिपोर्ट में ये साफ खुलासा हुआ है कि कुछ लोग सिंडिकेट बनाकर प्रतिबंधित जमीन बेचने का काम करते थे. प्रतिबंधित सूची मिलने के बाद भी तत्कालीन अवर निंबधक ने 17 जमीन प्लॉट का निबंधन गलत तरीके से किया. जिसमें तीन लोगों के नाम का जिक्र है. पहला नाम सुभाष कुमार दत्ता का है. जिसपर एक प्लॉट निंबधन करने का आरोप है. दूसरा नाम उज्जवल मिंज का है, जिसपर 12 जमीन प्लॉट का निंबधन कराने का आरोप है. वहीं तीसरा नाम प्रफुल्ल कुमार का है, जिसपर चार जमीन प्लॉट निबंधन कराने का आरोप लगा है.

इसे भी पढ़ें - माओवादियों के निशाने पर मोदी ! एक और राजीव गांधी कांड की है तैयारी-पत्र से हुआ खुलासा

डीसी ने की कार्रवाई की अनुशंसा

सरायकेला-खरसांवा में इतने बड़े घोटाले का पर्दाफाश होने के बाद प्रशासन अब हरकत में है. जिले के डीसी छवि रंजन ने मामले को गंभीरता से लेते हुए. एसडीएम जांच की कॉपी के साथ तत्कालीन अवर निबंधक के अलावा सुभाष कुमार दत्ता, उज्जवल मिंज और प्रफुल्ल कुमार पर कार्रवाई करने की अनुशंसा डीसी ने निंबधन महानिरीक्षक, झारखंड सरकार को किया है, साथ ही केके सोन (सचिव राजस्व, निबंधन एवं भूमि सुधार, झारखंड सरकार) को भी लिखा है.

न्यूज विंग एंड्रॉएड ऐप डाउनलोड करने के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पेज लाइक कर फॉलो भी कर सकते हैं.

na
7ocean

 

international public school

 

TOP STORY

बिहार के माथे पर एक और कलंक, चपरासी ने 8,000 रुपये में कबाड़ी को बेची थी 10वीं परीक्षा की कॉपियां

स्वच्छता में रांची को मिले सम्मान पर भाजपा सांसद ने ही उठाये सवाल, कहा – अच्छी नहीं है कचरा डंपिंग की व्यवस्था

तो क्या ऐसे 100 सीटें बढ़ायेगा रिम्स, न हॉस्टल बनकर तैयार, न सुरक्षा का कोई इंतजाम, निधि खरे ने भी लगायी फटकार

पत्थलगड़ी समर्थकों ने किया दुष्कर्म, फादर सहित दो गिरफ्तार, जांच जारीः एडीजी

स्वच्छता सर्वेक्षण की सिटीजन फीडबैक कैटेगरी में रांची को फर्स्ट पोजीशन, केंद्रीय मंत्री ने किया पुरस्कृत

J&K: बीजेपी विधायक की पत्रकारों को धमकी, कहा- खींचे अपनी एक लाइन

दुनिया की सबसे बड़ी ऑनलाइन मेगा परीक्षा कराने जा रही है रेलवे, डेढ़ लाख लोगों को मिलेगा रोजगार

“महिला सिपाही पिंकी का यौन शोषण करने वाले आरोपी को एसपी जया रॉय ने बचाया, बर्खास्त करें”

यूपीः भीषण सड़क हादसे में एक ही परिवार के पांच लोगों की मौत

सरकार जमीन अधिग्रहण करेगी और व्यापक जनहित नाम पर जमीन का उपयोग पूंजीपति करेगें : रश्मि कात्यायन

16 अधिकारियों का तबादला, अनिश गुप्ता बने रांची के एसएसपी, कुलदीप द्विवेदी गए चाईबासा