केजरीवाल सरकार का निर्देश-एक महीने में देनी होगी फॉरेंसिक रिपोर्ट महिलाओं-बच्चों को जल्द न्याय दिलाने की कोशिश

Publisher NEWSWING DatePublished Tue, 04/17/2018 - 11:25

New Delhi : महिलाओं और बच्चों के खिलाफ होने वाले अपराध के खिलाफ अब दिल्ली सरकार काफी गंभीर नजर आ रही है. हाल में ही होम मिनिस्टरी द्वारा निर्देश जारी किया गया है जिसमे कहा गया है कि फॉरेंसिक एग्जामिनेशन एक महीने में पूरी करनी होगी. जारी आदेश में होम मिनिस्टर सत्येंद्र जैन ने प्रिंसिपल सेक्रेटरी (होम) और फॉरेंसिक साइंस लेबोरेटरी (एफएसएल) के डायरेक्टर से कहा कि महिलाओं और गर्ल चाइल्ड के खिलाफ अपराध के जो मामले दर्ज होते हैं और जिन मामलों में फॉरेंसिक एग्जामिनेशन की जरूरत होती है, उनकी जांच एक महीने में हर हाल में पूरी करें. साथ ही हर महीने रिपोर्ट सब्मिट कर यह भी बताना होगा कि कितने केस फॉरेंसिक एग्जामिनेशन के लिए आए और उनका क्या स्टेटस रहा है. पॉक्सो एक्ट के तहत दर्ज होने वाले मामले भी इस आदेश के दायरे में आएंगे.

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महिलाओं और बच्चों के प्रति बढ़ रहेे हैंं अपराध  

दिल्ली सरकार ने अपने आदेश में कहा है कि महिलाओं और बच्चों के प्रति अपराधों की संख्या बढ़ रही है. इन मामलों की फॉरेंसिक जांच तुंरत पूरा करने की जरूरत है, ताकि ट्रायल जल्द पूरा हो सके. दिल्ली सरकार के एक अधिकारी ने बताया कि इन मामलों में बायोलॉजिकल और डीएनए टेस्ट समेत कई तरह की जांच रेफर की जाती है, लेकिन जांच पूरी होने में महीनों से लेकर सालों तक का समय लग जाता है. ट्रायल में देरी का फायदा आरोपी को मिलता है. बहुत सारे मामलों में अपराधी को सजा तक नहीं हो पाती. ऐसे में जरूरी है कि फॉरेंसिक एग्जामिनेशन जल्द पूरा हो, ताकि पुलिस आरोपी के खिलाफ ये अहम सबूत कोर्ट में पेश कर सके और दोषी को जल्द सजा मिल सके. अधिकारी के मुताबिक एफएसएल रोहिणी में पहले काफी केस पेंडिंग थे और अब सरकार ने वहां स्टाफ की कमी दूर की है और सुविधाओं में भी इजाफा किया है. सरकार एक रिपोर्ट भी तैयार कर रही है कि कितने केस पेंडिंग है और इनके निपटारे की क्या स्पीड है.

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आईपीसी और सीआरपीसी बिल में होगा संशोधन

बच्ची से रेप के मामले में छह महीने में ट्रायल पूरा करने और दोषी को फांसी की सजा को लेकर आईपीसी व सीआरपीसी में संशोधन बिल तैयार करने की प्रक्रिया शुरू हो गई है. दिल्ली सरकार का होम डिपार्टमेंट संशोधन बिल तैयार कर रहा है. दिल्ली सरकार अगले विधानसभा सत्र में यह संशोधन पेश करेगी. सीएम अरविंद केजरीवाल ने भी कहा है कि अगले विधानसभा सत्र में दिल्ली सरकार आईपीसी और सीआरपीसी में संशोधन का प्रावधान लाएगी.

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