10 साल से फरार इंडियन मुजाहिदीन का संदिग्ध आतंकी गिरफ्तार

Publisher NEWSWING DatePublished Wed, 02/14/2018 - 16:19

New Delhi : दिल्ली पुलिस ने इंडियन मुजाहिदीन के एक संदिग्ध आतंकवादी को गिरफ्तार कर लिया है. यह आतंकी 2008 की बटला हाउस मुठभेड़ के बाद से ही फरार था. वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि आरिज खान को दिल्ली पुलिस के विशेष प्रकोष्ठ ने गिरफ्तार किया. 19 सितंबर 2008 को दिल्ली के जामिया नगर स्थित बटला हाउस में हुयी मुठभेड़ में चार अन्य लोगों के साथ खान भी मौजूद था. मुठभेड़ के दौरान वह वहां से भाग निकला था. हालांकि इस घटना में इंडियन मुजाहिदीन के दो आतंकवादी मारे गए थे और कई को गिरफ्तार किया गया था.

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2013 में आतंकवादी शहजाद अहमद को सुनायी गयी थी उम्रकैद की सजा

अभियान के दौरान पुलिस कार्रवाई का नेतृत्व कर रहे एनकाउंटर स्पेशलिस्ट और निरीक्षक मोहन चंद शर्मा शहीद हो गए थे. बटला हाउस मामले में निचली अदालत ने वर्ष 2013 में इंडियन मुजाहिदीन (आईएम) के आतंकवादी शहजाद अहमद को उम्रकैद की सजा सुनायी थी. निचली अदालत के फैसले के खिलाफ उसकी याचिका उच्च अदालत में लंबित है.

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चार दिन पहले हुई थी गिरफ्तारी

बताया जा रहा है कि कथित तौर पर जुनैद को चार दिन पहले ही नेपाल से गिरफ्तार कर लिया गया था। दिल्ली पुलिस के सूत्रों के मुताबिक पूछताछ के लिए उसे कस्टडी में लिया गया है. इस आतंकी की तलाश काफी समय से चल रही थी.

 15 लाख रुपये का इनामी आतंकी हथियार बनाने में था माहिर

दिल्ली पुलिस के सूत्रों के अनुसार आतंकी जुनैद पर 15 लाख रुपये का इनाम रखा गया था. पुलिस के मुताबिकजुनैद बटला हाउस एनकाउंटर के बाद से ही फरार था. बटला हाउस के अलावा जुनैद पांच अन्य मामले में भी वॉन्टेड था. वह हथियार बनाने में भी माहिर था.

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इंजीनियरिंग के दौरान जिहाद से जुड़ा था जुनैद

यूपी के आजमगढ़ में पैदा हुये जुनैद ने इंजीनियरिंग की पढ़ाई करने के दौरान जिहाद से जुड़ने का फैसला लिया और पढ़ाई छोड़ दी. जिस समय जिहाद के लिए आतंकी संगठन को ज्वाइन करने का फैसला लिया, उस वक्त जुनैद यूपी के मुजफ्फरनगर जिले में इंजीनियरिंग की पढ़ाई कर रहा था. आतंकी गतिविधियों में संलिप्तता के चलते यूपी पुलिस ने उसकी गिरफ्तारी पर इनामी राशि 1 लाख से बढ़ाकर 5 लाख कर दी थी. उस वक्त जुनैद महज 23 साल का था।

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